गौरीगंज (अमेठी)। मुसाफिरखाना ब्लॉक क्षेत्र की दो सड़कों का पुनर्निर्माण नहीं होने से नाराज विधायक राकेश प्रताप सिंह ने हाईकोर्ट की शरण ली है। कोर्ट ने विधायक की ओर से दाखिल याचिका को स्वीकार करते हुए अपर मुख्य सचिव ग्राम्य विकास विभाग से पूरे मामले में जवाब तलब किया है।
अपनी विधानसभा क्षेत्र की दो जर्जर सड़कों (कादूनाला-थौरी व मुसाफिरखाना-पारा) को लेकर गौरीगंज विधायक राकेश प्रताप सिंह अरसे से आंदोलनरत हैं। सड़क की मरम्मत के लिए विधानसभा में प्रश्न उठाने के अलावा प्राक्कलन समिति गठित कराने, विधानसभा की सदस्यता से त्यागपत्र देने और अनशन करने तक से बात नहीं बनने पर 11 नवंबर को विधायक ने बड़ी संख्या में समर्थकों के साथ नौ किलोमीटर लंबे कादूनाला-थौरी मार्ग पर श्रमदान किया।
विधायक ने बीते दिनों दोबारा डीएम को ज्ञापन देकर दोनों सड़कें बनवाने के लिए एक माह का समय दिया था। यह अवधि पूरी होने के बाद विधायक ने अब हाईकोर्ट लखनऊ में जनहित याचिका दाखिल की। कोर्ट ने जनहित याचिका को स्वीकार करते हुए ग्राम्य विकास विभाग के अपर मुख्य सचिव से जवाब तलब किया है। विधायक ने कहा कि सड़कों के दुरुस्त होने तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।