गौरीगंज/अमेठी। संग्रामपुर क्षेत्र के एक ईंट भट्ठे पर काम करने वाले मजदूर ने रविवार रात पत्नी की गला दबाकर हत्या कर दी। हत्या के बाद उसका शव झाड़ी में फेंककर सहजीपुर रेलवे क्रासिंग पर मालगाड़ी के सामने छलांग लगाकर आत्महत्या कर ली।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों शवों का पंचनामा कराकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा है। घटना की वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है।
छत्तीसगढ़ के जिला जहांगीर चांपा के थाना बलौद निवासी मिथिलेश पत्नी ललिता के साथ खौपुर बुजुर्ग स्थित श्याम ईंट भट्ठे पर ईंटों की पथाई करता था। भट्ठे पर मिथिलेश के ससुर तुलाराम भी परिवार के साथ रहकर ईंट पथाई का काम करते थे।
रविवार रात दोनों रोज की भांति भोजन करने के बाद झुग्गी में सो गए। सोमवार सुबह ललिता का शव झुग्गी के बगल झाड़ में मिला। उसके गले पर चोट के निशान थे। ललिता का पति मिथिलेश लापता था।
ललिता के जीवित होने की उम्मीद में पिता तुलाराम उसको एंबुलेंस से अस्पताल ले गया जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसी बीच लखनऊ-वाराणसी रेल ट्रैक पर एक शव मिलने की सूचना पर जब लोग वहां पहुंचे तो उसकी पहचान ललिता के पति मिथिलेश के रूप में हुई।
तुलाराम ने आरोप लगाया कि मिथिलेश (33) ने रात में किसी बात को लेकर पत्नी ललिता (32) की गला दबाकर हत्या कर दी। उसने ललिता का शव झुग्गी के बगल झाड़ में फेंक दिया। इसके बाद मिथिलेश ने सहजीपुर रेलवे क्रासिंग के पास मालगाड़ी के सामने छलांग लगाकर आत्महत्या कर ली।
पुलिस ने तुलाराम की लिखित सूचना पर दोनों शवों का पंचनामा कराकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। एसएचओ प्रेमचंद्र सिंह ने बताया कि पोस्टमॉर्टम के बाद दोनों शव तुलाराम के सुपुर्द कर दिए जाएंगे। मिथिलेश ने अपनी पत्नी को मारकर आत्महत्या क्यों की जानकारी तुलाराम नहीं दे सका है।