मुंशीगंज के रामापुर गांव में रोले बिलखते परिजन।-संवाद
मुंशीगंज। परिवार का सहारा बनने के लिए मजदूरी करने निकले रामापुर गांव के तीन दोस्तों की हादसे में मौत हो गई। सुल्तानपुर से काम करके घर लौटते समय सोमवार शाम उनकी बाइक अमहट कब्रिस्तान के पास अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खाई में गिर गई। हादसे में विशाल कोरी (18) और ईशू कोरी (20) की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि रोहित (18) ने मंगलवार को ट्रॉमा सेंटर लखनऊ में दम तोड़ दिया। तीनों की मौत से गांव में मातम पसरा है। परिजन बिलख रहे हैं।
भेंटुआ के रामापुर गांव में मंगलवार को हर तरफ गम का माहौल रहा। तीन घरों में अपनों को खोने का दर्द हर चेहरे पर दिखाई दिया। जिन बेटों के कमाने से परिवार को सहारा मिल रहा था, उनके हमेशा के लिए चले जाने से परिजन टूट गए। किसी मां की आंखें बेटे को तलाश रही हैं तो कोई बहन भाई को याद कर बिलख रही है।
विशाल, ईशू और रोहित दोस्त होने के साथ पड़ोसी भी थे। तीनों सुल्तानपुर में शटरिंग और सरिया बांधने का काम करते थे। सोमवार शाम काम खत्म करने के बाद एक ही बाइक से घर लौट रहे थे। सुल्तानपुर-अमेठी राजमार्ग पर अमहट कब्रिस्तान के पास बाइक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खाई में गिर गई।
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल
विशाल की मौत से मां मीना बार-बार बेसुध हो जा रही हैं। बहन कोमल और भाई श्रवण का भी रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार को उस बेटे के हमेशा के लिए चले जाने का गम सता रहा है, जिससे बेहतर भविष्य की उम्मीदें जुड़ी थीं। ईशू की मौत से मां रंगीता और पिता दल बहादुर कोरी उर्फ कल्लू सदमे में हैं। भाई लकी, सक्षम और बहन बिनश भी भाई को याद कर बिलख रहे हैं। परिवार के लोगों को यकीन नहीं हो रहा कि घर का सहारा बना बेटा अब कभी लौटकर नहीं आएगा। रोहित की मौत से मां सरिता, भाई मोहित और बहन शिवानी का बुरा हाल है। तीनों परिवारों के घरों में रिश्तेदारों और ग्रामीणों की भीड़ जुटी है। लोग दुख की इस घड़ी में परिजनों को सांत्वना दे रहे हैं। मंगलवार को पोस्टमार्टम के बाद तीनों युवकों के शव गांव पहुंचने की प्रतीक्षा में परिजन बिलखते रहे।