मुसाफिखाना/शाहगढ़ (अमेठी)। नाती का इलाज कराकर साइकिल से घर वापस जा रहे बाबा-नाती कार की चपेट में आकर घायल हो गए।इलाज के दौरान बालक की मौत हो गई, वहीं गंभीर रूप से घायल बाबा का इलाज सुल्तानपुर में चल रहा है। बालक की मौत होने से परिजनों में कोहराम मचा हुआ है।
कोतवाली क्षेत्र मुसाफिरखाना के डारीडीहा मजरे रामशाहपुर निवासी प्रदीप विश्वकर्मा के पुत्र आदित्य (6) को कई दिनों से बुखार आ रहा था। शनिवार सुबह 11 बजे परिवार के ही चचेरे बाबा श्यामलाल विश्वकर्मा (45) आदित्य को साइकिल से मुंशीगंज थाना क्षेत्र के चंदौकी बाजार स्थित एक निजी चिकित्सक के यहां इलाज कराने ले गए थे। वहां से लौटते समय मुंशीगंज-मुसाफिरखाना मार्ग स्थित चंदौकी गांव के पास मुसाफिरखाना की ओर से आ रही कार की चपेट में आ गए।
हादसे में बाबा श्यामलाल और नाती आदित्य गंभीर रूप से घायल हो गए। स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को सीएचसी मुसाफिरखाना ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने दोनों को जिला अस्पताल सुल्तानपुर रेफर कर दिया। सुल्तानपुर में चिकित्सकों ने आदित्य को मृत घोषित कर दिया। वहीं घायल श्यामलाल का इलाज चल रहा हैं। हादसे की जानकारी मिलने के बाद गांव में मातम पसरा हुआ है।
इकलौता बेटा था आदित्य, परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल
हादसे में जान गंवाने वाले आदित्य के पिता प्रदीप विश्वकर्मा अहमदाबाद में नौकरी करते हैं। घर पर पत्नी रुचि, चार वर्षीय बेटी अदिति व छह वर्षीय बेटा आदित्य घर पर रहते थे। आदित्य सरस्वती विद्या मंदिर चंदौकी में पहली कक्षा का छात्र था। आदित्य इकलौता बेटा था। हादसे में इकलौते बेटे की मौत से गांव में मातम पसरा है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।