गुजीपुर मजरे पांडेय का पुरवा गांव में परिजनों से बात करते पुलिस अफसर। स्रोत : स्थानीय
संग्रामपुर। गुजीपुर मजरे पांडेय का पुरवा गांव में सतीश वर्मा (16) की मौत के मामले में परिजन सीबीसीआईडी जांच और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग पर अड़े रहे। शुक्रवार शाम पोस्टमार्टम के बाद घर पहुंचे शव का अंतिम संस्कार करने से परिजनों ने इन्कार कर दिया। करीब 22 घंटे तक मान-मनौवल का दौर चलता रहा। पुलिस और ग्रामीणों के समझाने पर शनिवार दोपहर परिजन अंतिम संस्कार के लिए राजी हुए।
सतीश के पिता बद्री प्रसाद वर्मा ने आरोप लगाया कि उनका बेटा घर से बुलाकर ले जाया गया था। चाट की दुकान पर काम कराने के बाद उसे पैसे भी नहीं दिए गए। पिता के अनुसार गांव के दो युवकों के कहने पर दुकानदार ने गाड़ी से सतीश का पीछा किया था। उन्होंने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि सीबीसीआईडी जांच से बेटे की मौत का सच सामने आना चाहिए।
मां विमला देवी ने आशंका जताई कि बेटे की हत्या कर शव खेत में फेंका गया। शनिवार सुबह सतीश के दोनों भाई अजीत और रंजीत घर पहुंचे। परिजन आरोपियों की गिरफ्तारी, रिपोर्ट दर्ज करने और निष्पक्ष जांच की मांग पूरी होने तक अंतिम संस्कार नहीं करने पर अड़े रहे। सीओ श्वेताभ भास्कर ने बताया कि परिजनों के आरोपों की जांच की जा रही है। कुछ लोगों से पूछताछ भी की जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
यह था मामला
सतीश सोमवार को कालिकन धाम स्थित चाट की दुकान पर काम करने के लिए घर से निकला था। देर शाम तक नहीं लौटने पर परिजनों ने तलाश शुरू की। बुधवार को गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई। बृहस्पतिवार को घर से करीब 150 मीटर दूर धान के खेत में उसका शव मिला था। पिता ने दुकानदार समेत कुछ लोगों पर हत्या का आरोप लगाया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।