शाहगढ़। मुंशीगंज के पूरे कंधई मजरे पूरब गांव निवासी राजकुमार चौहान (36) का शव रविवार को गांव के बाहर संदिग्ध परिस्थितियों में बाग में पेड़ से रस्सी के सहारे लटका मिला। इसके बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
अमेठी के श्रीराम मजरे उमापुर गानापट्टी गांव निवासी सालिकराम ने बताया कि उनका भांजा राजकुमार परिवार संग अहमदाबाद में रहता था। बृहस्पतिवार को वह घर आया था। शुक्रवार को उनके बेटे शिवचंदन ने राजकुमार को उनके घर पहुंचाया। शनिवार को राजकुमार रिश्तेदार के घर गरथोलिया जाने की बात कहकर निकले थे। रविवार सुबह भांजे का शव गांव के बाहर बाग में पेड़ से फंदे पर लटका मिला।
उन्होंने कहा कि भांजे की मौत कैसे हुई, यह समझ में नहीं आ रहा है। भांजा आत्महत्या नहीं कर सकता। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद तहरीर दी जाएगी। कोतवाली प्रभारी बिपिन बिहारी सिंह ने बताया कि प्रारंभिक जांच में मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है। परिजनों ने भी कोई आरोप नहीं लगाया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत की वजह का पता चलेगा। जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
बिलख रही दादी और बुआ
राजकुमार की मौत के बाद दादी रामराजी का रो-रोकर बुरा हाल है। रोते हुए कहती रहीं कि कहा था रिश्तेदारी में जा रहा हूं, सुबह आऊंगा, लेकिन नहीं आया। उसकी मौत की खबर आई। बुआ संतोषा भी गमगीन हैं। राजकुमार की मौत की जानकारी पर मां जासो, पिता वीरेंद्र, छोटा भाई राहुल, बहन गुड़िया, पत्नी पूनम तथा पुत्र प्रतीक व एकांश अहमदाबाद से घर आ रहे हैं। ग्रामीण व रिश्तेदार परिजनों को सांत्वना देने में जुटे रहे।