अमेठी सिटी। डीएपी नहीं मिलने से गेहूं, मटर संग अन्य फसलों की बोआई प्रभावित हो रही है। किसान चक्कर काट रहे हैं, लेकिन डीएपी खोजे नहीं मिल रही है। समितियां व इफको केंद्र खाली पड़े हैं। विभाग के अफसर लगातार पर्याप्त खाद होने का दावा कर रहे हैं।
इस समय गेहूं संग आलू, दलहन और तिलहन आदि फसलों की बोआई के चलते डीएपी की मांग बढ़ गई है। मगर इफको केंद्र अमेठी, गौरीगंज, मुसाफिरखाना सहित कई समितियों पर डीएपी नहीं है। संग्रामपुर कृषक केंद्र, गौरीगंज के सैंठा, माधोपुर, अमेठी खेरौना, ताला, महराजपुर सहित 35 से अधिक समितियों पर खाद ही नहीं है।
समितियों व इफको केंद्रों पर डीएपी नहीं होने से बोआई प्रभावित हो रही है। गौरीगंज इफको केंद्र पर मिले किसान चंद्रपाल ने बताया कि कई दिनों से वह समितियों व इफको केंद्र का चक्कर काट रहे हैं। यहां पर एनपीके उपलब्ध है। डीएपी कहीं नहीं मिल पा रही है। नरेंद्र कुमार ने बताया कि गेहूं की बोआई के लिए डीएपी खोजे नहीं मिल पा रही है। हर दिन बताया जाता है कि कल केंद्र पर खाद आ जाएगी, लेकिन कल कभी नहीं आ रहा है।
श्याम शंकर पांडेय ने बताया कि कई समितियों पर डीएपी लेने के लिए गए, गौरीगंज माधोपुर समिति पर भी डीएपी नहीं है। खाद नहीं मिलने से कैसे फसल की बोआई करें।