अमेठी सिटी। मनरेगा कार्य में लगाए गए मजदूरों की ऑनलाइन फर्जी हाजिरी और कई काम के बदले एक ही फोटो एप पर अपलोड कर दी जा रही है, जबकि धरातल पर मनरेगा मजदूर कम मिले या नहीं दिख रहे हैं। मनरेगा लोकपाल के निरीक्षण में यह बात सामने आई है।
विकास खंड जामो की ग्राम पंचायत घोसियान में सतिया तालाब खोदाई का कार्य चल रहा है। मनरेगा लोकपाल ओजस्कर पांडेय ने बताया कि जहां छह मस्टर रोल पर 54 मजदूर कार्यरत हैं, जिसमें 30 पुरुष व 29 महिला मजदूर काम कर रहे हैं। 15 जनवरी को निरीक्षण में धरातल पर एक भी मजदूर नहीं दिखा। काम बंद था। मजदूरों की फर्जी हाजिरी लगाने का आरोप है।
मनरेगा लोकपाल ने बताया कि ग्राम प्रधान, ग्राम रोजगार सेवक, सचिव व तकनीकी सहायक की इच्छा से फर्जी हाजिरी लगाई जा रही है। वहीं दूसरी शिकायत विकास खंड जामो की ही ग्राम पंचायत गौरा की थी। जांच के दौरान वहां भी समान स्थिति पाई गई। गौरा के राजा सरनाम सिंह पुरवा में तालाब की खोदाई का कार्य चल रहा है, जहां 66 मजदूरों की हाजिरी भरी जा रही है, जबकि धरातल पर केवल 14 मजदूर काम करते पाए गए।
जिले में मनरेगा में फर्जी हाजिरी से शुरू हुआ खेल अब फर्जी फोटो से फोटो की उपस्थिति तक जा पहुंचा है। लोकपाल ने बताया कि पुरानी फोटो इस्तेमाल कर बिना कार्य कराए ही अपलोड किया जा रहा है, जिससे मस्टररोल पूरा कर भुगतान निकाला जा सके। इस पूरे प्रकरण में तकनीकी सहायकों का अहम रोल होता है। मनरेगा लोकपाल ने बताया कि दो बार के निरीक्षण के बाद भी घोसियान में कोई मजदूर कार्य पर नहीं मिले, ऐसे में इस कार्य में किसी भी प्रकार का भुगतान होने नहीं दिया जाएगा। ग्राम पंचायत गौरा में भी सिर्फ कार्य पर लगे 14 मजदूरों को ही भुगतान किया जाएगा। संबंधित सचिव, तकनीकी सहायक और रोजगार सेवक के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
ठंड के चलते नहीं पहुंचे मजदूर
जामो के बीडीओ विजयंत सिंह ने बताया कि दोनों जगहों पर निर्माण कार्य चल रहा है। मस्टररोल भले ही बनाया गया हो, लेकिन ठंड के चलते श्रमिक नहीं पहुंचे, ऐसे में उनकी हाजिरी भी नहीं ली गई है।