संग्रामपुर (अमेठी)। सावन के त्रयोदशी पर्व पर कालिकन धाम में बृहस्पतिवार को धार्मिक आस्था और राष्ट्र कल्याण के उद्देश्य से मंदिर परिसर स्थित ऋषि च्यवनमुनि आश्रम में 108 पार्थिव शिवलिंग का निर्माण कर पूजन एवं रुद्राभिषेक कराया गया। 108 दंपतियों ने परिवार के साथ भोलेनाथ का विधिवत पूजन किया।
वैदिक मंत्रोच्चार के बीच 21 वेदपाठी ब्राह्मणों ने विधिवत पूजन व रुद्राभिषेक कराया। धाम परिसर शिव भक्ति में डूबा रहा और श्रद्धालुओं की उपस्थिति से वातावरण भक्तिमय हो गया। कालिकन धाम के पीठाधीश्वर श्रीमहाराज ने बताया कि यह आयोजन देश, समाज की समृद्धि और शांति के लिए किया गया। पूजन के उपरांत सभी पार्थिव शिवलिंगों का विधिपूर्वक विसर्जन मालती नदी में किया जाएगा।
आयोजकों ने बताया कि इस तरह के अनुष्ठान श्रद्धालुओं को धार्मिक चेतना के साथ-साथ सामाजिक समरसता का भी संदेश देते हैं। आयोजन में संतोष सिंह दुआरा, कुलदीप श्रीवास्तव, महेंद्र मिश्रा, अनिल कुमार तिवारी, मनोज पाल, विनोद शुक्ला आदि मौजूद रहे।
रुद्राभिषेक से प्रसन्न होते हैं भगवान शंकर
सिंहपुर (अमेठी)। रुद्राभिषेक को बहुत ही शुभ फल देने वाला माना जाता है। इससे भोलेबाबा प्रसन्न होते हैं। आचार्य पवन द्विवेदी ने बताया कि रुद्राभिषेक का मतलब है रूद्र का अभिषेक। भगवान शिव का शुद्ध जल, दूध, दही, गन्ने के रस, अनार के रस आदि से अभिषेक किया जाता है। जो भी भक्त श्रद्धा और विधिविधान से रुद्राभिषेक व पूजा करते है, भगवान शिव उनको अपना आशीर्वाद प्रदान कर मनोकामनाएं पूरी करते हैं। पन्हौना गांव में रुद्राभिषेक कर प्रसाद का वितरण कराया गया।
श्रद्धालुओं ने शिवालयों में किया जलाभिषेक
अमेठी सिटी। शिवालयों में जलाभिषेक करने के लिए शिवभक्तों की भीड़ बृहस्पतिवार को उमड़ी। जयकारा लगाते हुए भक्तों ने जलाभिषेक कर परिवार की खुशहाली के लिए प्रार्थना की। सिंहपुर के बाबा दतहरेश्वर धाम में श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक किया। फुरसतगंज के बाबा तपेश्वरनाथ धाम, गौरीगंज के राघीपुर स्थित महामृत्युंजय धाम, अमेठी के ताला महादेवन स्थित बाबा मुकुटनाथ महादेवन धाम में श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक किया। जामों के श्रीशंकर बूढ़े मंदिर, जगदीशपुर के शिवमंदिरों में शिवभक्तों ने जलाभिषेक किया। संग्रामपुर के कालिकन धाम शिव मंदिर, प्राचीन गणेश देवतन मंदिर, सहजीपुर के दुखभंजननाथ धाम मंदिर में भोले के भक्तों ने जलाभिषेक किया।