10 साल पहले हुई थी शादी
मूल रूप से आजमगढ़ जिले के अहरौला थाना क्षेत्र के पनकरपुर गांव निवासी जयप्रकाश मिश्रा ने अपनी पुत्री विजयलक्ष्मी का विवाह 10 वर्ष पूर्व कटका क्षेत्र के बलईपुर निवासी विकास कुमार के साथ किया था। उन्होंने बताया कि दिन में पुत्री से बात हुई थी। लेकिन, रात 10 बजे फोन न लगने पर चिंता हुई। शनिवार सुबह पुत्री की मौत की खबर मिली।
खबर पाकर वह पुत्री के घर पहुंचे तो सास सावित्री देवी ने बताया कि विजयलक्ष्मी को हार्ट अटैक आया था। जब इलाज के बारे में पूछा गया तो वे आनाकानी करने लगीं। परिजनों ने देखा कि विजयलक्ष्मी की गर्दन पर काले रंग का घेरा बना हुआ था। इसके बारे में पूछने पर सास ने बताया कि शाम को बहू ने सबके लिए खाना बनाया था। भोजन के समय सोनू और बहू के बीच बच्चों को लेकर कहासुनी हो गई थी। इसके बाद बहू कमरे में चली गई और काफी देर तक बाहर नहीं आई। दरवाजा खोलने पर पंखे से उसका शव लटका मिला।
पिता जयप्रकाश का आरोप है कि पुत्री के देवर सोनू उर्फ पंकज और विजयलक्ष्मी के बीच शाम को बच्चों को लेकर विवाद हुआ था। इसके बाद से सोनू लापता है। प्रभारी निरीक्षक राकेश कुमार ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत का सही कारण पता चल पाएगा। मायके पक्ष की ओर से लगाए गए आरोपी की जांच की जा रही है। फिलहाल कोई तहरीर नहीं मिली है।
मां को ढूंढती रहीं मासूम बच्चों की निगाहें
मासूम बच्चों की व्यथा और पति का दर्द मृतका विजय लक्ष्मी के तीन पुत्र अदवित (9), विवान (4) और आरव (10 माह) हैं। भीड़ में मासूम बच्चों की निगाहें अपनी मां को ढूंढती नजर आईं। 10 माह के सबसे छोटे पुत्र आरव को रोते हुए मां को ढूंढते देख वहां मौजूद लोगों की आंखें नम हो गईं। पत्नी की मौत की सूचना मिलते ही पति विकास दिल्ली से घर पहुंचा और तीनों बच्चों को गोद में लेकर पत्नी को याद करते हुए रोने लगा।