अंबेडकरनगर। वस्त्र उद्योग व धान उत्पादन के लिए प्रसिद्ध अंबेडकरनगर जनपद वेटलैंड के मामले में भी काफी समृद्ध है। यहां यूं तो वन डिस्ट्रिक्ट, वन वेटलैंड योजना के तहत भदौना झील का चयन हुआ है लेकिन जिला प्रशासन आधा दर्जन अन्य वेटलैंड का भी एक साथ विकास करा रहा है। यह सभी वेटलैंड सारस पक्षी से गुलजार रहते हैं।
जनपद में जिला प्रशासन सभी वेटलैंड को आकर्षक रूप देने, उन्हें पक्षी विहार के रूप में विकसित करने तथा इससे आम लोगों की आय बढ़ाने की कार्य योजना पर आगे बढ़ रहा है। डीएम अविनाश सिंह ने व्यक्तिगत रुचि लेकर बीते दिनों आधा दर्जन से अधिक वेटलैंड की साफ सफाई कराने के साथ ही स्थानीय संसाधनों से उन्हें विकसित करने का काम शुरू कराया है।
वन डिस्ट्रिक्ट वन वेटलैंड योजना के तहत जिले में कटेहरी ब्लाॅक की भदौना वेटलैंड का चयन हुआ है। यह क्षेत्र अकबरपुर रेंज में 44 हेक्टेअर क्षेत्रफल में फैला है। जिला मुख्यालय से इसकी कुल दूरी 20 किमी. है। यह अयोध्या जनपद के अमसिन बाजार से अकबरपुर नगर के बीच में स्थित है।
80 लाख रुपये का डीपीआर तैयार
भदौना झील का स्वरूप निखारने के लिए वन विभाग ने 80 लाख रुपये का डीपीआर तैयार किया है। इको टूरिज्म के लिए यहां बांध बनाने, वॉच टावर का निर्माण करने, बांस की झोपड़ी, शौचालय, टीलों का निर्माण तथा प्रकाश व्यवस्था के कार्य प्रस्तावित किए गए हैं। शासन को भेजे गए इस डीपीआर के अलावा जिला प्रशासन ने यहां स्थानीयस्तर से भी कई काम कराने का निर्णय लिया है जिसमें कैंटीन निर्माण तथा यात्री शेड आदि कार्य शामिल हैं। वन विभाग ने भदौना वेटलैंड को लेकर शासन को भेजे प्रस्ताव में बताया है कि यहां सारस पक्षी के करीब डेढ़ दर्जन जोड़े पाए जाते हैं जो विशेष प्रजाति के हैं।
इन वेटलैंड का भी हो रहा विकास
वन डिस्ट्रिक्ट, वन वेट लैंड योजना से इतर जिला प्रशासन कई और वेटलैंड का तेजी से स्वरूप बदलने की कोशिश कर रहा है। इसमें सबसे महत्वपूर्ण स्थान कटेहरी ब्लॉक के ही दरवन झील का है। यह झील भदौना से भी बड़ी है। अकबरपुर अयोध्या मार्ग के निकट स्थित दरवन झील के विकास की मुहिम जिला प्रशासन ने अपने स्तर से शुरू की है। कुल 15 करोड़ रुपये से यहां कई तरह के कार्यों की तैयारी है। दरवन झील के विकास में एनटीपीसी समेत अन्य संस्थाएं भी सहयोग कर रही हैं। पुंथर, निमिटनी, महदेई, कपिलेश्वर समेत अन्य वेटलैंड को भी प्रशासन निखारने की कोशिश में जुटा है। इसके लिए मनरेगा, क्षेत्र पंचायत व अन्य निधियों का सदुपयोग कराया जा रहा है।
इको टूरिज्म को बढ़ावा देने की काेशिश
हमारी कोशिश है कि वेटलैंड के जरिए भी जिले की अलग पहचान बने। वेटलैंड के मामले में यह जिला प्रदेश के टॉप-थ्री जनपदों में शामिल है। अब तक इसकी तरफ ध्यान नहीं गया था। अब विशेष ध्यान देकर सभी वेटलैंड को एकसाथ विकसित कराया जा रहा है। विशेषता यह है कि ऐसे सभी वेटलैंड में सारस पक्षी बड़ी तादाद में प्रवास करते हैं। इन पक्षियों की गणना के लिए वन विभाग को पत्र भी लिखा गया है। ऐसा माहौल जल्द ही तैयार होगा जिससे अयोध्या आने वाले लोग यहां आकर भी इको टूरिज्म को बढ़ावा दे सकें। इससे स्थानीय रोजगार से जुड़े लोगों को भी लाभ होगा । - अविनाश सिंह डीएम
भेजा गया है प्रस्ताव
भदौना वेटलैंड का विकास योजना के तहत होगा। इसके लिए शासन को प्रस्ताव भेजा गया है। दो फरवरी को वहां सुबह आठ बजे से दोपहर 12 बजे तक नेचर एवं बर्ड फेस्टिवल का भी आयोजन होगा। - प्रणव जैन, डीएफओ