सद्दरपुर। कटका के रफीगंज में अज्ञात वाहन से टकराकर बाइक सवार युवक की मौत हो गई, जबकि बसखारी में दो दिन पहले हादसे का शिकार हुए युवक ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। युवकों की मौत से उनके घरों में मातम पसरा हुआ है।
आजमगढ़ के अतरौलिया थाने के जघनपट्टी निवासी अनिल कुमार के मुताबिक उनका बेटा दीपक सिंह (30) कुवैत में नौकरी करते थे। युद्ध शुरू होने के बाद वहां से लौट आए थे। शुक्रवार को बाइक से कटका क्षेत्र के रफीगंज किसी काम से गए थे। शाम चार बजे के करीब उनकी बाइक में अज्ञात वाहन से टक्कर हो गई। हादसे में दीपक के सिर में गंभीर चोट आई। आननफानन उन्हें जिला अस्पताल और फिर यहां से राजकीय मेडिकल कॉलेज सद्दरपुर ले जाया गया। मेडिकल कॉलेज में इलाज के दौरान देर रात उनकी मौत हो गई। थानाध्यक्ष स्वतंत्र कुमार मौर्य ने बताया कि तहरीर के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
उधर, हंसवर के मोहम्मदपुर निवासी प्रभुराम के मुताबिक उनका बेटे रंजीत (22) कोलकाता में निजी कंपनी में काम करते थे। एक माह पूर्व वहां से वापस लौटे थे। 28 मई को बाइक से बसखारी किसी काम से गए थे। थाने के निकट बाइक खड़ी करने के बाद सड़क किनारे खड़े थे। इसी दौरान तेज रफ्तार बोलेरो की चपेट में आकर वह गंभीर रूप से घायल हो गए थे। राजकीय मेडिकल कॉलेज सद्दरपुर में शुक्रवार रात करीब 10 बजे इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। इंस्पेक्टर भूपेंद्र सिंह ने बताया कि तहरीर मिलने पर प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी। बेटे की अचानक मौत पर पिता परशुराम बदहवास हैं। मां केवला देवी बेटे की मौत की खबर सुनते ही बेसुध हो गईं। मृतक के बड़े भाई प्रताप बंगलुरू में रहते हैं। बहन वंदना और साधना पढ़ाई कर रही हैं।