सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने घटना को आत्महत्या का मामला बताते हुए शव का पंचनामा कर उसे परिवारीजनों को सौंप दिया। परिवारीजनों ने आननफानन उसका अंतिम संस्कार कर दिया।
युवक के शरीर पर चोटों के निशान भी पाए गए थे। इससे अनुमान लगाया जाता है कि युवक की हत्या कर उसे आत्महत्या का रूप देने के लिए रेल ट्रैक पर शव डाल दिया गया। लोगों का कहना है कि यदि शव का पोस्टमार्टम कराया जाता, तो घटना के कारण की स्पष्ट जानकारी होती।
जानकारी के मुताबिक बुधवार सुबह कुछ ग्रामीण शौच के लिए रेलवे ट्रैक की तरफ गए हुए थे। वहां उन्हें एक युवक का क्षतविक्षत शव दिखाई दिया। शरीर कई टुकड़ों में कटा हुआ था। इसके अलावा शरीर पर कई चोट के निशान भी थे। शव देख ग्रामीणों में सनसनी फैल गई। मौके पर काफी ग्रामीण एकत्र हो गए।
कुछ युवकों ने शव की तलाशी ली तो पैंट की जेब से डायरी में अंकित मोबाइल नंबर मिला। इस पर फोन कर उसके परिवारीजनों को पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी। युवक की पहचान विजय यादव (23) पुत्र मंशाराम निवासी कोडऱा कटरिया सम्मनपुर थाना अकबरपुर के रूप में हुई।
जानकारी होने पर परिवारीजन व अन्य ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंचे। सूचना मिलने पर अकबरपुर पुलिस मौके पर पहुंची। घटना को आत्महत्या बताते हुए पुलिस ने शव का पंचनामा कर परिवारीजनों को सौंप दिया। बाद में श्रवणक्षेत्र में उसका अंतिम संस्कार कर दिया गया।
पूरे घटनाक्रम में पुलिसिया कार्रवाई को लेकर लोगों में खासा आक्रोश दिखा। लोगों का कहना था कि जिस प्रकार से युवक के शरीर पर चोटों के निशान थे, उसे देखते हुए पोस्टमार्टम कराया जाना चाहिए था, जिससे इस बात की पुष्टि होती कि युवक की हत्या हुई है या फिर उसने आत्महत्या की है।
ग्रामीणों के अनुसार बुधवार विजय यादव तहसील में आय, निवास व जाति प्रमाणपत्र बनवाया करता था। बुधवार रात दो बाइक पर चार युवक गांव पहुंचे थे। उनके साथ विजय भी चला गया था। इसके बाद गुरुवार सुबह उसका क्षतविक्षत शव रेल ट्रैक पर पाया गया।
परिवारीजनों से जब इस बारे में जानकारी हासिल की गई, तो उन्होंने कुछ भी बताने से इंकार कर दिया। कोतवाल योगेश शाह ने बताया कि परिवारीजनों ने कोई तहरीर नहीं दी है। कहा कि विजय विक्षिप्त था। इसी के चलते उसने आत्महत्या कर ली।