राजेसुल्तानपुर क्षेत्र में कम्हरिया घाट के निकट बढ़ा सरयू नदी का जलस्तर।संवाद
राजेसुल्तानपुर। सरयू नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। बुधवार को यह सात सेंटीमीटर बढ़कर 84.09 मीटर तक पहुंच गया। हालांकि नदी अभी भी खतरे के निशान 85.56 मीटर से 1.47 मीटर नीचे बह रही है।
जलस्तर में लगातार वृद्धि से तटीय गांवों के लोगों की चिंता बढ़ गई है। मांझा क्षेत्र के कई स्थानों पर नदी का कटान भी शुरू हो गया है। नदी का पानी धीरे-धीरे निचले इलाकों में फैलने लगा है। आराजी देवारा के ग्रामीण संतोष, धर्मेंद्र, राकेश और रंजीत ने बताया कि वे स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। फिलहाल पानी आबादी तक नहीं पहुंचा है, लेकिन ग्रामीण संभावित बाढ़ और कटान को लेकर सतर्क हैं। किसानों को खेतों से अधिक पशुओं के चारे की चिंता सता रही है। उनका कहना है कि जलस्तर बढ़ने पर हरे चारे का संकट खड़ा होगा। एसडीएम आलापुर धर्मेंद्र सिंह ने बताया कि प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। उन्होंने कहा कि जलस्तर की लगातार निगरानी की जा रही है और फिलहाल किसी गांव में खतरा नहीं है।
कटान रोकने के प्रयास
तेज बहाव के कारण मांझा क्षेत्र में कई जगहों पर किनारों का कटाव हो रहा है। इस कटान को रोकने के लिए कार्य शुरू कर दिया गया है। इटौरा ढोलीपुर गांव के पूर्वी तट पर बंबू क्रेट लगाए जा रहे हैं। यह कार्य बाढ़ कार्य खंड अयोध्या की ओर से तेजी से किए जा रहा है। इसका उद्देश्य नदी के बहाव से होने वाले नुकसान को रोकना है।
नदी खतरे के निशान के नीचे
एसडीएम आलापुर धर्मेंद्र सिंह ने पुष्टि की कि नदी खतरे के निशान से काफी नीचे है। उन्होंने बताया कि प्रशासन पूरी तरह से सतर्क है और स्थिति पर लगातार निगरानी रख रहा है। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयारियां की जा रही हैं।