इंद्रलोक कॉलोनी में शिक्षक की मौत के बाद मौके पर पहुंचे एसडीएम सदर व अन्य।
अंबेडकरनगर। पड़ोसी जनपद सुल्तानपुर के परिषदीय विद्यालय में तैनात युवा शिक्षक ने यहां किराए के कमरे में फंदा लगाकर जान दे दी। पुलिस ने दरवाजा तोड़ शव को बाहर निकाला। कमरे की तलाशी में कोई ऐसा सुराग नहीं मिला जिससे मौत के कारणोंं की जानकारी हो सके।
जालौन जनपद निवासी शिवेंद्र सिंह निरंजन (32) सुल्तानपुर जिले के जजरही कंपोजिट विद्यालय में अध्यापक के पद पर तैनात था। हालांकि उसने किराए का कमरा अकबरपुर कोतवाली के इंद्रलोक काॅलोनी में ले रखा था। यहीं से वह प्रतिदिन विद्यालय जाया करता था। शिवेंद्र के साथ उनकी पत्नी भी रहती थीं। बीते 14 अगस्त को वह किसी कार्य के सिलसिले में जालौन चली गई। तब से वे अकेले ही रह रहे थे।
स्थानीय लोगोंं के अनुसार शुक्रवार को स्कूल से वापस आने के बाद शिवेंद्र सीधे कमरे में चले गए। इसके बाद वे बाहर नहीं निकले। शनिवार को सुबह जब वे स्कूल नहीं पहुंचे तो शिक्षकों ने उनकी खोजबीन शुरू की। इसके बाद स्कूल के साथी शिक्षकों ने अकबरपुर के एक स्थानीय युवक को शिवेंद्र के कमरे पर भेजा। वहां जाकर दरवाजा खटखटाने पर अंदर से कोई जबाव नहीं मिला। इसी दौरान वहां अन्य स्थानीय शिक्षक भी पहुंच गए। शिक्षकों की सूचना पर कोतवाली पुलिस वहां पहुंची। पुलिसकर्मियों ने दरवाजा तोड़ा तो शिवेंद्र का शव रस्सी से लटकता मिला।
एसडीएम सौरभ शुक्ल, सीओ देवेंंद्र मौर्य व कोतवाल बीरेंद्र बहादुर सिंह ने वहां पहुंचकर जरूरी छानबीन की। पुलिसकर्मियोंं ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया। कोतवाल ने बताया कि शिक्षक की पत्नी व स्वजन देर शाम यहां पहुंच रहे हैं। इसके बाद शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा।
शिक्षकोंं ने शिवेंद्र की पत्नी से फोन पर बात की। वहां से पता चला कि शनिवार को शिवेंद्र से उनकी कोई बात नहीं हुई थी। शुक्रवार रात अंतिम बार शिवेंद्र और उनकी पत्नी के बीच बातचीत हुई थी। इसके बाद शनिवार दोपहर करीब उन्हें शिवेंद्र का शव लटकता पाए जाने की जानकारी मिली। पुलिस के अनुसार जिस किराए के कमरे में शिवेंद्र रह रहा था। उसकी विधिवत तलाशी ली गई। इसमें कोई ऐसा सुराग नहीं मिला जिससे मौत के कारण की कोई जानकारी हो सके।