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पुलिसिया कार्यशैली के खिलाफ राजेसुल्तानपुर बाजार बंद

Thu, 20 Oct 2016 11:43 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो/अंबेडकरनगर
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राजेसुल्तानपुर में गुरुवार को बाजार बंद के बाद पसरा रहा सन्नाटा। - फोटो : अमर उजाला
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व्यापारी नेता पर जानलेवा हमला व कई चक्र हवाई फायरिंग मामले में बदमाशों की गिरफ्तारी न होने से आक्रोशित व्यापारियों ने गुरुवार को राजेसुल्तानपुर बाजार पूरी तरह से बंद रखा। व्यापारियों ने पूरी एकजुटता के साथ बाजार बंद रखते हुए पुलिस की कार्यशैली पर नाराजगी जताई और चौक के बगल में धरना दिया।
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व्यापारी नेताओं ने कहा कि एसओ राजेसुल्तानपुर का निलंबन व घटना का अविलंब पर्दाफाश न किया गया तो व्यापार मंडल आरपार का संघर्ष छेड़ेगा। दोपहर बाद राजेसुल्तानपुर पहुंचकर एएसपी राहुल राज ने व्यापारी नेताओं से वार्ता कर उन्हें आश्वस्त किया कि घटना का पर्दाफाश जल्द से जल्द किया जाएगा। उनके आश्वासन के बाद व्यापारियों ने आंदोलन समाप्त किया।

 गौरतलब है कि 14 अक्तूबर की देर शाम सशस्त्र बदमाशों ने स्थानीय व्यापार मंडल के महामंत्री शैलेंद्र त्रिपाठी के किराना स्टोर पर लूट के इरादे से धावा बोल दिया था। विरोध करने पर शैलेंद्र पर जानलेवा हमला कर दिया था जबकि बदमाशों की ताबड़तोड़ फायरिंग में उनके पुत्र भोलू व एक अन्य युवक चंपत को चोट आयी थी।
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पुलिस ने बाद में शैलेंद्र की तहरीर पर अज्ञात बदमाशों के विरुद्ध केस दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी थी। व्यापारियों ने 48 घंटे में घटना का पर्दाफाश न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी थी। अवधि पूरी होने पर एक बार फिर से पुलिस ने समय ले लिया था। इसके बाद भी अब तक किसी बदमाश की गिरफ्तारी नहीं हो पायी। इससे नाराज व्यापारियों ने 20 अक्तूबर को बाजार बंद रखने का निर्णय लिया था।

इसी क्रम में गुरुवार सुबह से ही राजेसुल्तानपुर बाजार की सभी छोटी-बड़ी दुकानों के ताले नहीं खुले। शटर व दरवाजे बंद ही रहे। नतीजतन दोपहर तक भी बाजार में सन्नाटा पसरा रहा। तगड़ी एकजुटता दिखाने के बाद व्यापारी चौक के निकट जुट गए, और वहां धरना शुरू किया। पुलिस के विरोध में लोगों ने जमकर नारेबाजी की। कहा गया कि पुलिस की लापरवाही से ही ऐसी घटनाएं हो रही हैं।

मामले की जांच एसटीएफ से कराई जाई। निर्दोषों का उत्पीड़न रोके जाने की मांग करते हुए कहा कि घटनाओं का वर्कआउट जरूरी है लेकिन इसकी आड़ में शोषण भी बर्दाश्त नहीं होगा। एसओ राजेसुल्तानपुर के निलंबन की मांग करते हुए कहा गया कि उनके द्वारा भी मामले में जिम्मेदारी का पालन नहीं किया गया। वक्ताओं ने बाजार में भीड़भाड़ वाले स्थान से शराब की दुकान हटवाने की भी मांग की।

लगभग पांच घंटे से भी अधिक चले धरने के बाद जिला मुख्यालय से अपर पुलिस अधीक्षक राहुल राज वहां पहुंचे, और जल्द ही घटना के पर्दाफाश का आश्वासन देकर आंदोलन समाप्त कराया। धरना-प्रदर्शन में अध्यक्ष गंगाशंकर साहू, सुल्तान अहमद, शैलेंद्र, अभिषेक, फिरोज, मुईनुद्दीन, विकास, नीरज, अब्दुल आदि मौजूद रहे।

व्यापारियों के गुरुवार के आंदोलन को जिला मुख्यालय के व्यापारियों ने भी अपना साथ प्रदान किया। उद्योग व्यापार मंडल जिलाध्यक्ष दयाशंकर मद्धेशिया, डॉ. आनंद बहल, अनिल अग्रहरि, डॉ. अनवर, ओमलाल व संजय अग्रहरि आदि ने भी राजेसुल्तानपुर पहुंचकर घटना के अविलंब खुलासे पर जोर दिया।

व्यापारी नेताओं ने कहा कि यदि जल्द ही घटना का पर्दाफाश नहीं होगा तो अब व्यापार मंडल आरपार का संघर्ष छेड़ेगा। अपर पुलिस अधीक्षक राहुल राज ने बताया कि लूट के प्रयास मामले में पुलिस के हाथ कई महत्वपूर्ण सुराग लगे हैं। उस दिशा में काम चल रहा है। घटना के खुलासे में जल्द ही सफलता मिलने की उम्मीद है।
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