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आम आदमी की थाली से दूर होने लगा आलू और प्याज

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अंबेडकरनगर। लगातार बढ़ते दाम के चलते खाने की थाली से दूर होता जा रहा है आलू। मौजूदा समय में आसमान छूते सब्जियों के दाम के बीच आलू जहां 60 रुपये प्रति किलो बिक रहा है तो वहीं प्याज का दाम भी बढ़कर 70 रुपये प्रति किलो हो गया है। सब्जी के चढ़ते दाम के चलते घर का बजट भी बिगड़ रहा है। लगातार सब्जियों के बढ़ते दाम से नाराज लोगों का कहना है कि दाम पर नियंत्रण को लेकर जिम्मेदारों को ठोस कदम उठाना चाहिए।
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सब्जियों के लगातार बढ़ते दाम पर अंकुश नहीं लग पा रहा है। दिन प्रतिदिन बढ़ते दाम से आमजन को विभिन्न प्रकार की मुश्किलों से जूझना पड़ रहा है। खाने की थाली की शान आलू का दाम मौजूदा समय में 70 रुपये प्रति किलो में बिक रहा है। नतीजा यह है कि खाने की थाली से आलू की सब्जी दूर होती जा रही है। इतना ही नहीं, प्याज का दाम भी तेजी से बढ़ता जा रहा है। मौजूदा समय में प्याज 70 रुपये प्रति किलो, जबकि लहसुन 110 रुपये प्रति किलो बिक रहा है। टमाटर 50 रुपये प्रति किलो बिक रहा है, तो कश्मीरी मिर्च 60 रुपये प्रति किलो है। इसके अलावा लौकी, भिंडी, नेनुआ के दाम भी विगत दिनों के सापेक्ष बढ़ गए हैं। नतीजा यह है कि इसका सीधा प्रभाव घरेलू बजट पर पड़ रहा है।
अकबरपुर नगर के मीरानपुर निवासी सरोज व सैय्यदा ने नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि सब्जियों के दाम में लगातार वृद्धि हो रही है, लेकिन इस पर अंकुश पाने को लेकर जिम्मेदारों द्वारा कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा है। सरकार को चाहिए कि सब्जियों के दाम को निर्धारित करे और जमाखोरों के विरुद्ध कार्रवाई करे। निर्मला व शशिकला ने कहा कि लगातार बढ़ते सब्जियों के दाम से घर का बजट बिगड़ गया है। इसके चलते कई अन्य खर्चों में कटौती करनी पड़ रही है। शहजादपुर के सत्यप्रकाश ने कहा कि उनकी समझ में ही नहीं आता कि कौन सी सब्जी खरीदें। प्राइवेट विद्यालय के शिक्षक नरेंद्र कुमार ने कहा कि कोरोना संकट के चलते विभिन्न प्रकार की आर्थिक मुश्किल खड़ी हो रही है। ऐसे में सब्जियों के लगातार बढ़ते दाम से और भी मुश्किल खड़ी हो गई है। सरकार को इस तरफ गंभीरता दिखानी होगी।
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