अंबेडकरनगर। असलहे के बल पर जनसेवा केंद्र से 3.50 लाख रुपये की लूट के चार दिन बाद भी पुलिस लुटेरों को गिरफ्त में नहीं ले पाई है। एसपी केशव कुमार ने अब इसके खुलासे की कमान खुद अपने हाथ में संभाल ली है। सैकड़ों सीसीटीवी फुटेज की जांच में यह साफ हो चुका है कि लुटेरे अयोध्या में ही किसी मोहल्ले में छिपे बैठे हैं।
मंगलवार को पुलिस ने अयोध्या से एक और संदिग्ध को उठाया है। पुलिस सूत्रोंं की माने तो उसकी और लुटेरों की लोकेशन मैच कर रही थी। शक के आधार पर उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। जनसेवा केंद्र संचालक के कुछ करीबी भी पुलिस की रडार पर हैं। इनसे भी पूछताछ की जा रही है। उधर, अयोध्या में लुटेरों का पता लगाने के लिए पुलिस फूंक-फूंककर कदम रख रही है, ताकि लुटेरे पुलिस की घेराबंदी को तोड़कर कहीं रडार के बाहर न हो जाएं। पुलिस का दावा है कि जल्द ही पूरी तस्वीर साफ हो जाएगी।
यह है था घटनाक्रम
भीटी के जोधपुर छितूनी निवासी सत्येंद्र तिवारी की सेनपुर चौराहे पर शिवम तिवारी जनसेवा केंद्र के नाम से दुकान है। पांच अप्रैल की रात 9.30 बजे दुकान को बंद करने की फिराक में थे। तभी वहां पल्सर से दो युवक पहुंचे थे। असलहे के बल पर पूरी दुकान को खंगाला था। इसके बाद बाग में रखी रकम लेकर भाग निकले थे। जाते समय बदमाशों ने दुकान का शटर बाहर से बंद कर दिया था। खोलने की कोशिश करने पर बंद शटर पर फायर कर दहशत फैलाकर भाग निकले थे।
वर्जन
पुलिस टीमें संदिग्धों को उठाकर पूछताछ कर रही है। आसपास के जिलों में भी शातिर बदमाशों की भी कुंडली खंगाली जा रही है। लोकेशन मैच करने पर कुछ लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। जल्द ही घटना का खुलासा कर दिया जाएगा।
-केशव कुमार, एसपी