अंबेडकरनगर। कोरोना को लेकर जनपदवासियों के लिए बड़ी खुशखबरी है। जिले के राजकीय मेडिकल कॉलेज सद्दरपुर में ऑक्सीजन प्लांट की स्थापना की जा रही है। केंद्र सरकार की पहल पर मेडिकल कॉलेज में तैयारी शुरू कर दी गई है। संबंधित कक्ष का निर्माण कराया जा रहा है। 900 पीएसए क्षमता वाले ऑक्सीजन प्लांट की स्थापना से यहां भर्ती होने वाले कोरोना मरीजों को ज्यादा लाभ पहुंचाया जा सकेगा। प्लांट लगने से लगभग 150 सिलेंडर क्षमता की ऑॅॅक्सीजन का उत्पादन होगा। फिलहाल मेडिकल कॉलेज में 80 सिलेंडर की प्रतिदिन खपत हो रही है। हालांकि आगामी दिनों में मरीजों की संख्या बढ़ने की संभावना के चलते प्लांट लगने का लाभ मिल सकेगा। प्लांट से निकलने वाली ऑक्सीजन को सेंट्रल पाइप लाइन से जोड़ दिया जाएगा। इससे प्रत्येक बेड पर भर्ती होने वाले कोरोना संक्रमितों को पर्याप्त ऑक्सीजन की उपलब्धता हो सकेगी। उधर, जिले में आज रात आठ बजे से 35 घंटे का कोरोना कर्फ्यू लागू हो जाएगा।
कोरोना से निपटने की दिशा में जिले को महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल हुई है। केंद्र सरकार ने महामाया राजकीय मेडिकल कॉलेज सद्दरपुर को ऑक्सीजन प्लांट की सौगात दी है। दरअसल कोरोना संक्रमित मरीज को समुचित ऑक्सीजन उपलब्ध कराए जाने की जरूरत होती है। इसे देखते हुए ही केंद्र व राज्य सरकार ने प्रदेश भर में ऑक्सीजन की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित कराने की तरफ बड़ी पहल की है।
इसके तहत मेडिकल कॉलेज में ऑक्सीजन प्लांट की स्थापना का कार्य शुरू करा दिया गया है। ऑक्सीजन प्लांट लगाने के लिए मेडिकल कॉलेज परिसर में 14 लाख 37 हजार रुपये की लागत से संबंधित कक्ष का निर्माण कराया जा रहा है। कक्ष निर्माण के लिए मेडिकल कॉलेज को रकम भी प्राप्त हो गई। राजकीय निर्माण निगम काम भी शुरू करा दिया है।
मेडिकल कॉलेज प्रशासन के अनुसार यहां 900 पीएसए क्षमता का ऑक्सीजन प्लांट लगाया जाएगा। इससे लगभग 150 सिलेंडर क्षमता की ऑक्सीजन प्रतिदिन प्राप्त की जा सकेगी। कोरोना के विशेष अस्पताल में तब्दील किए गए मेडिकल कॉलेज में फिलहाल 80 सिलेंडर ऑक्सीजन की खपत प्रतिदिन है। मेडिकल कॉलेज के अधिकारियों का मानना है कि आगामी दिनों में यहां पर लगभग सवा सौ सिलेंडरों की खपत प्रतिदिन हो सकती है। ऐसे में तब भी किसी प्रकार की मुश्किल मरीजों को नहीं होगी। सूत्रों के अनुसार मेडिकल कॉलेज में ऑक्सीजन प्लांट कक्ष तैयार हो जाने के बाद केंद्र सरकार द्वारा नामित एजेंसी की ओर से प्लांट स्थापित कराया जाएगा।
उधर, जिले में आज रात आठ बजे से 35 घंटे का कोरोना कर्फ्यू लागू हो जाएगा। यह जानकारी एडीएम डॉ. पंकज कुमार वर्मा ने दी। बताया कि राज्य सरकार के निर्णय के अनुरूप जिले में 17 अप्रैल देर शाम आठ बजे से कोरोना कर्फ्यू लागू हो जाएगा। यह कर्फ्यू सोमवार सुबह सात बजे तक 35 घंटे तक जारी रहेगा। कोरोना कर्फ्यू के समय आवश्यक सेवाओं, पंचायत चुनाव से जुड़ी पोलिंग पार्टियों के आवागमन, नामांकन कार्य, स्वास्थ्य सेवाओं तथा सफाई आदि से जुड़े कर्मियों के आवागमन के अतिरिक्त कोई अन्य गतिविधि की अनुमति नहीं होगी।
प्लांट से जोड़ी जाएगी सेंट्रल पाइप लाइन
मेडिकल कॉलेज में बनने वाले ऑक्सीजन प्लांट से फिलहाल मेडिकल कॉलेज के अलग-अलग वार्डों में जानी वाली सेंट्रल ऑक्सीजन पाइप लाइन को जोड़ दिया जाएगा। इससे लाभ यह होगा कि प्रत्येक बेड पर मरीजों को पर्याप्त ऑक्सीजन की उपलब्धता हर समय बनी रहेगी।
मिलेगी और अस्पतालों को भी मदद
मेडिकल कॉलेज में ऑक्सीजन प्लांट स्थापित होने का लाभ अन्य अस्पतालों को भी मिल सकता है। इसमें जिला अस्पताल तथा टांडा नगर में स्थापित विशेष कोविड अस्पताल शामिल हैं। बताया जाता है कि बीते दिन जिला अस्पताल में ऑक्सीजन की कमी होने पर मेडिकल कॉलेज से आपूर्ति सुनिश्चित की गई थी। अब जबकि मेडिकल कॉलेज में प्लांट लगने जा रहा है तो इस तरह की दिक्कत आने वाले दिनों में नहीं हो पाएगी।
प्लांट स्थापना का मिलेगा लाभ
सरकार की तरफ से स्थापित कराए जा रहे प्लांट का लाभ मरीजों को मिलेगा। इसके लिए सभी तैयारियां प्राथमिकता के साथ पूरी कराई जा रही हैं। फिलहाल यहां सौ बेड क्षमता का वार्ड स्थापित है। कोविड मरीजों के लिए इसे बढ़ाकर 300 बेड का किया जा रहा है। मरीजों को सभी जरूरी सुविधाएं मुहैया कराई जाएंगी।
डॉ. संदीप कौशिक, प्राचार्य राजकीय मेडिकल कॉलेज