चकबंदी लेखपाल भर्ती परीक्षा के लिए जिले में 35 केंद्र बनाए गए थे। परीक्षा को सकुशल निपटाने के लिए प्रशासन ने अपनी तैयारियां की थीं। रविवार को 11 बजे से परीक्षा प्रारंभ होनी थी लेकिन बड़ी संख्या में अभ्यर्थी केंद्रों पर सुबह साढ़े नौ बजे से ही पहुंचने लगे।
परीक्षा केंद्रों के मुख्य गेट पर ही परीक्षार्थियों की सघन जांच की गई। परीक्षा में 20 हजार 420 अभ्यर्तियों को भाग लेना था। विभागीय अधिकारियों के मुताबिक करीब नौ हजार अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल नहीं हुए।
परीक्षा को सकुशल निपटाने के लिए कुल 35 स्टेटिक व 35 सेक्टर मजिस्ट्रेट की तैनाती की गई थी। परीक्षा केंद्रों पर तैनात स्टेटिक व सेक्टर मजिस्ट्रेट लगातार परीक्षा पर नजर लगाए हुए थे। डीएम विवेक लगातार परीक्षा के संबंध में संबंधित अधिकारयों से जानकारी हासिल करते रहे।
साथ ही आवश्यक दिशा निर्देश भी दे रहे थे। एडीएम रामसूरत पाण्डेय ने बताया कि 20 हजार 420 परीक्षार्थियों के सापेक्ष लगभग 9 हजार परीक्षार्थियों ने परीक्षा छोड़ी। बताया कि कहीं से किसी प्रकार की गड़बड़ी की सूचना नहीं है। परीक्षार्थियों को परीक्षा केंद्रों पर किसी प्रकार की समस्या न हो, इसके लिए सभी आवश्यक कदम उठाए गए थे।
उधर बड़ी संख्या में परीक्षार्थियों के पहुंचने पर जिले में यातायात व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई थी। परीक्षा छूटने के बाद सबसे अधिक समस्या जिला मुख्यालय पर हुई। काफी देर तक विभिन्न मार्गों पर लोगों को जाम की समस्या से जूझना पड़ा। यातायात को सुचारु बनाने के लिए यातायात पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी।
इसके अलावा वाहनों के अभाव के चलते परीक्षार्थियों को अपने गंतव्य तक जाने के लिए व्यापक मुश्किलों का सामना करना पड़ा। तमाम परीक्षार्थी ट्रैक्टर ट्राली व टैंपो पर भूसे की तरह बैठकर अपने गंतव्य तक जाने के लिए मजबूर हुए।
वीडियोग्राफी के बीच हुई परीक्षा
चकबंदी लेखपाल भर्ती परीक्षा वीडियोग्राफी के बीच कराई गई। यह व्यवस्था परीक्षा को नकलविहीन कराने के लिए की गई। एडीएम रामसूरत पाण्डेय के मुताबिक परीक्षा केंद्र में प्रवेश करने से लेकर परीक्षा समाप्त होने तक की प्रक्रिया की वीडियोग्राफी कराई गई।
बस स्टेशन व रेलवे स्टेशन पर रही अफरातफरी
परीक्षा समाप्त होने के बाद अकबरपुर रेलवे स्टेशन व बस स्टेशन पर घंटों अफरातफरी का माहौल रहा। रविवार सुबह भी केंद्रों पर पहुंचने के लिए मुख्यालय के विभिन्न मार्गों पर युवाओं की भीड़ थी लेकिन अलग अलग समय पर पहुंचने के चलते स्थिति सामान्य रही।
परीक्षा छूटने के बाद एक साथ हजारों छात्र-छात्राएं एवं उनके अभिभावक जिला मुख्यालय पहुंच गए। इससे दोपहर बाद दो बजे से अकबरपुर नगर में भारी भीड़ दिखाई दी। रेलवे स्टेशन पर तो घंटों मेले जैसा माहौल था। ट्रेन पर चढ़ने को लेकर जबरदस्त आपाधापी रही। आरपीएफ व जीआरपी ने स्थिति संभालने का प्रयास किया लेकिन भीड़ के आगे वे भी लाचार थे। पटरियों के बीच खड़े होकर भीड़ ट्रेन का इंतजार करने को विवश दिखी।