अंबेडकरनगर। उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की प्रारंभिक अर्हता परीक्षा (पीईटी) में रविवार को सुरक्षा तंत्र को धता बताते हुए एक युवक दूसरे के स्थान पर परीक्षा देते पकड़ा गया। मामला अकबरपुर के रमाबाई राजकीय महिला डिग्री कॉलेज का है, जहां फेस रिकग्निशन सॉफ्टवेयर से पहचान नहीं मिलने पर संदिग्ध को दबोचा गया।
दूसरी पाली की परीक्षा के दौरान केंद्र पर अरुण कुमार यादव (निवासी इशापुर, फूलपुर, आज़मगढ़) को परीक्षा देते समय पकड़ा गया। वह असली अभ्यर्थी शैलेंद्र सिंह यादव (निवासी संगरामऊ, जौनपुर) की जगह बैठा था। सूत्रों के अनुसार सौदा 50 हजार में तय हुआ था, जिसमें 27 हजार पहले ही ट्रांसफर किए जा चुके थे। शेष 23 हजार परीक्षा के बाद देने की बात थी। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसने शैलेंद्र के नाम से फोटो लगाकर फर्जी आधार और प्रवेश पत्र बनवाया था। खुफिया इनपुट पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने उसे रंगे हाथों पकड़ लिया। केंद्र व्यवस्थापक की तहरीर पर केस दर्ज कर लिया गया है। एसपी केशव कुमार के मुताबिक, गिरोह में प्रयागराज के 3-4 और लोग शामिल हो सकते हैं। पूरे नेटवर्क की जांच की जा रही है।