महामाया राजकीय एलोपैथिक मेडिकल कॉलेज, सद्दरपुर।
अंबेडकरनगर। महामाया राजकीय मेडिकल कॉलेज को एमडी-एमस में पीजी की 20 सीटों के संचालन की मंजूरी मिल गई है। अब तक केवल कम्युनिटी मेडिसिन विभाग में एमडी-एमएस की पांच सीटों के साथ पीजी शिक्षा सीमित थी। राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग ने 6 नए विभागों में स्नातकोत्तर पाठ्यक्रम की मंजूरी से न सिर्फ यहां एमबीबीएस चिकित्सक उच्च शिक्षा प्राप्त कर सकेंगे, बल्कि मेडिकल कॉलेज में डॉक्टरों की कमी भी दूर हो सकेगी।
प्रधानाचार्य डॉ. मुकेश यादव ने मेडिकल कॉलेज को एमडी-एमएस में पीजी सीटें मुहैया कराने के लिए पूर्व में प्रस्ताव भेजा था। इसमें विभिन्न विभागों की 34 सीटें शामिल थीं। इससे पहले यहां एमडी-एमएस की पांच सीटों के अलावा डीएनबी की 15 सीटों पर पीजी की सीटें स्वीकृत हो चुकी हैं। इनमें नाक-कान-गला की दो, टीबी और चेस्ट में एक, स्त्री एवं प्रसूति रोग, फैमिली मेडिसिन, निश्चतेना विभाग में चार-चार सीटें शामिल हैं।
15 साल में मेडिकल कॉलेज को उपलब्धि
डाॅ. मुकेश राणा प्रोफेसर मेडिसिन विभाग ने कहा कि मेडिकल कॉलेज संचालन को करीब 15 वर्ष हो गए हैं और यह सबसे बड़ी उपलब्धि है। यहां पीजी कक्षाएं शुरू होने से पूरे जिले को इसका लाभ मिलेगा। यहां पर आने वाले मरीजों को विशेषज्ञ चिकित्सक मुहैया हो सकेंगे।
प्वाइंटर
इन विभागों में मिली पीजी सीटें
बाल रोग विभाग- 2
सामान्य मेडिसिन- 4
नेत्र रोग- 2
पैथोलॉजी- 4
जनरल सर्जरी- 4
फॉरेंसिक मेडिसिन- 4
मेडिकल काॅलेज को मिली उपलब्धि
मेडिकल कॉलेज काे दिवाली के मौके पर बड़ी उपलब्धि मिली है। मेडिकल कॉलेज की दशा और दिशा में परिवर्तन आएगा। बेहतर लेक्चर हॉल और प्रयोगशालाएं मुहैया हो सकेंगे।
- डॉ. मुकेश यादव, प्राचार्य