अंबेडकरनगर के मकरही में रामकथा सुनाते कथावाचक।
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स्थानीय तहसील क्षेत्र अंतर्गत मकरही के नारायण पब्लिक स्कूल माहेश्वरीनगर में चल रही श्रीराम कथा के दौरान कथावाचक ने श्रद्धालुओं को शिष्टाचार की कथा कर रसपान कराया।
कहा कि भगवान श्रीराम अपने शिष्टाचार के लिए ही महापुरुष कहलाए हैं। उन्होंने हमेशा बड़ों की आज्ञा का आदर करने व छोटों का अपना आशीर्वाद देते रहने पर बल दिया। सभी अभिभावकों को अपने बच्चों के अंदर ऐसे संस्कार पिरोने चाहिए।
कथा के दूसरे दिन कथावाचक श्रीसंत निवासदास भगवान राम के चरित्रों की कथा सुनाई। कहा कि भगवान राम का जीवन आदर्शों से परिपूूर्ण है। साक्षात भगवान विष्णु का अवतार होने के बावजूद उन्होंने एक सामान्य पुरुष की तरह अपने जीवन का निर्वाह रामावतार में किया है।
बचपन से ही गुरु के प्रति समर्पित रहे भगवान श्रीराम ने हमेशा अपने गुरुजनों की आज्ञा का पालन किया। उन्होंने हमेशा अपने सच्चे भक्तों का सहयोग किया।