मखदूम नगर रेलवे क्रॉसिंग पर निर्माणाधीन ओवर ब्रिज।
विद्युतनगर (अंबेडकरनगर)। टांडा-अयोध्या मार्ग स्थित मखदूमनगर रेलवे क्रॉसिंग पर ओवरब्रिज का निर्माण कार्य निर्धारित समय-सीमा से पिछड़ता जा रहा है। करीब दो वर्ष पूर्व शुरू हुए इस 56 करोड़ रुपये की लागत वाले प्रोजेक्ट का अब तक मात्र 55 प्रतिशत कार्य ही पूरा हो सका है। उत्तर प्रदेश राज्य सेतु निगम, बस्ती इकाई की ओर से कराए जा रहे इस ओवरब्रिज के निर्माण में सुस्ती के चलते स्थानीय नागरिकों को प्रतिदिन लंबा जाम और अव्यवस्था झेलनी पड़ रही है।
एनटीपीसी में कोयले की नियमित आपूर्ति के कारण प्रतिदिन आठ से 10 मालगाड़ियां इस क्रॉसिंग से गुजरती हैं। इससे क्रॉसिंग दिन में औसतन 18 बार बंद होती है, जिससे सेम्हरिया गोलचौराहे से एनटीपीसी गेट तक करीब दो किलोमीटर लंबा वाहनों का जाम लग जाता है। कलवारी पुल के चालू होने के बाद इस मार्ग पर वाहनों की संख्या और भी बढ़ गई है, जिससे समस्या और गंभीर हो चुकी है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि ओवरब्रिज निर्माण के दौरान कोई वैकल्पिक मार्ग उपलब्ध न होने से सड़क पर वाहन रेंगने लगते हैं, जिससे आवागमन बाधित होता है। जाम में फंसे राहगीरों, आपात सेवाओं व आमजन को प्रतिदिन भारी परेशानी उठानी पड़ती है। लोग समयबद्ध तरीके से कार्य पूर्ण कराए जाने की मांग कर रहे हैं। परियोजना से जुड़े सहायक अभियंता अशोक तिवारी ने बताया कि ओवरब्रिज की लंबाई 673.76 मीटर और चौड़ाई 8.5 मीटर है। कुल 12 पिलर में से आठ पर कार्य पूरा हो चुका है।
फिलहाल स्लैब निर्माण का कार्य चल रहा है। उन्होंने बताया कि ओवरब्रिज निर्माण में अभी कम से कम 18 माह और लगेंगे। पूर्ण निर्माण के बाद ही मखदूमनगर रेलवे क्रॉसिंग की वर्षों पुरानी जाम समस्या से स्थायी राहत मिल सकेगी।