अंबेडकरनगर। अकबरपुर नगर में दो दो मिनट पर बिजली की ट्रिपिंग हो रही है। सोमवार शाम से लेकर आधी रात तक हुए रिकाॅर्ड व्यवधान ने करीब डेढ़ लाख उपभोक्ताओं को परेशान कर दिया। यही हाल मंगलवार सुबह से भी रहा। इस दिक्कत से शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों का हाल बेहाल है।
उमसभरी गर्मी के बीच बिजली आपूर्ति व्यवस्था न सिर्फ शहरी बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में भी बेपटरी हो गई है। अघोषित बिजली कटौती के साथ साथ लो वोल्टेज व बार बार की ट्रिपिंग की समस्या खड़ी हो गई है। अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि बिजली उपकेंद्र अकबरपुर के आठ फीडर ओवरलोड चल रहे हैं। सुचारु बिजली उपलब्ध कराने के लिए रोस्टिंग व्यवस्था लागू की गई लेकिन इसका भी लाभ उपभोक्ताओं को नहीं मिल सका है।
सोमवार देर शाम से बार बार की ट्रिपिंग का जो सिलसिला शुरू हुआ वह मंगलवार को भी जारी रहा। अकबरपुर बिजली उपकेंद्र के कंपोजिट व टाउन फीडर से बदतर बिजली आपूर्ति का आलम यह रहा कि सोमवार रात पांच घंटे में 40 बार ट्रिपिंग हुई। इससे संबंधित क्षेत्र की लगभग 30 हजार की आबादी को मुश्किलों का सामना करना पड़ा। इसी प्रकार मरैला बिजली उपकेंद्र से जुड़े उपभोक्ताओं को सोमवार लगभग पूरी रात मुश्किलों का सामना करना पड़ा। अघोषित बिजली कटौती व बार-बार की ट्रिपिंग से लगभग 40 हजार की आबादी को उमसभरी गर्मी में परेशान होने को मजबूर होना पड़ा।
अकबरपुर बिजली उपकेंद्र के एक कर्मचारी ने कहा कि लोड को देखते हुए आठ फीडरों का संचालन एक साथ न कर रोस्टर के अनुसार किया जा रहा है, इसके बाद भी समुचित बिजली उपभोक्ताओं को नहीं मिल रही।
पेयजल का भी खड़ा हो रहा संकट
बदतर बिजली आपूर्ति का प्रतिकूल प्रभाव शुद्ध पेयजल की उपलब्धता पर भी पड़ रहा है। लो वोल्टेज व ट्रिपिंग के चलते अकबरपुर बिजली उपकेंद्र के कंपोजिट टाउन फीडर से जुड़े सोनगांव, अटंगी, मुंगरी, गौरा,बदलपुर, विजयगांव, सदरपुर समेत कई अन्य क्षेत्रों में लोगों को एक एक बाल्टी पानी के लिए परेशान होना पड़ रहा है। दरअसल बार बार की ट्रिपिंग के चलते न तो टुल्लूपंप और न ही सबमर्सिबल सुचारु रूप से काम कर रहे। इससे छतों पर रखी टंकी में पानी पहुंचने में मुश्किल हो रही। इसी प्रकार की समस्या मीरानपुर, उसरहवा, मुरादाबाद, रसूलपुर हौजपटटी समेत कई अन्य क्षेत्रों के लोगों को भी शुद्ध पेयजल के लिए परेशान होना पड़ रहा है।
ग्रामीण क्षेत्रों में भी बढ़ी समस्या
शहरी क्षेत्र के साथ साथ ग्रामीण क्षेत्र की भी बिजली आपूर्ति पूरी तरह से बेपटरी हो गई है। नसीरपुर फीडर मंगलवार सुबह लगभग छह बजे ओवरलोड के चलते जल गया। दोपहर दो बजे गड़बड़ी दूर कर आपूर्ति बहाल की गई लेकिन नसीरपुर उपकेंद्र पर लगा 10 एमवीए क्षमता क्षमता के ट्रांसफार्मर में तकनीकी गड़बड़ी आ गई। इससे नसीरपुर, महरुआ, पतौना, कटेहरी, मिझौड़ा समेत एक दर्जन से अधिक गांव की बिजली आपूर्ति बेपटरी हो गई। इससे लगभग 35 हजार की आबादी को बदतर बिजली आपूर्ति का दंश झेलना पड़ा। इसके अलावा संबंधित क्षेत्र के उपभोक्ताओं को लो वोल्टेज की समस्या से भी संघर्ष करना पड़ रहा है। इसके अलावा भीटी, जलालपुर, टांडा, जहांगीरगंज, राजेसुल्तानपुर, हजपुरा,, आदमपुर तिंदौली, जाफरगंज समेत कई अन्य क्षेत्रों में भी बिजली आपूर्ति पूरी तरह से बेपटरी हो गई है।
बेहतर की जा रही आपूर्ति
बिजली की खपत जरूर बढ़ी है लेकिन उपभोक्ताओं को सुचारु बिजली उपलब्ध कराई जा रही है। यदि कहीं कुछ गड़बड़ी होती है तो उसे प्राथमिकता के आधार पर दूर किया जाता है। ट्रिपिंग कम हो इसके प्रयास किए जा रहे हैं। - संजय कुमार, अधीक्षण अभियंता