फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Ambedkar Nagar News: गमगीन माहौल में सफाई कर्मियों का अंतिम संस्कार, परिजनों ने दी तहरीर

Fri, 25 Jul 2025 11:14 PM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
विज्ञापन
शव रखकर प्रदर्शन करते ग्रामीण।
विज्ञापन
अंबेडकरनगर। सद्दरपुर के महामाया राजकीय एलोपैथिक मेडिकल कॉलेज में बृहस्पतिवार को सेप्टिक टैंक में गिरकर जान गंवाने वाले दो सफाई कर्मियों का शनिवार को गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार किया। वहीं दूसरी ओर घायल सफाईकर्मी का मेडिकल कॉलेज में इलाज चल रहा है। परिवार की ओर से पुलिस ने तहरीर लेकर दोषियों पर कार्रवाई की तैयारी शुरू की है। उधर, विभिन्न राजनीतिक दलों ने भी पूरे घटनाक्रम पर सवाल उठाते हुए दोषियों पर कार्रवाई और परिजनों को मुआवजा देने की मांग की है।
विज्ञापन

राजकीय मेडिकल कॉलेज में चोक सीवर लाइन बड़ी समस्या है। इसके निदान के लिए कॉलेज प्रशासन ने चोक टैंक की सफाई के लिए कोटेशन मांगा था। महाकाल प्रालि फर्म ने नगर पालिका टांडा के सफाई कर्मचारी सुरेंद्र कुमार, देवानंद और मनीराम को बुलाया था। इस दौरान सेप्टिक टैंक में गिरकर देवानंद और मनीराम की मौत हो गई थी। देर रात दोनों शवों का पोस्टमार्टम कराकर उन्हें परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया था।
शुक्रवार को गमगीन माहौल में दोनों का अंतिम संस्कार किया गया। इस बीच दोनों के घरों पर राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों ने पहुंचकर सांत्वना दी। इंस्पेक्टर भूपेंद्र सिंह ने बताया कि परिवार के लोगों की ओर से तहरीर दी जा रही है, जल्द मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन



25 लाख रुपये मुआवजा देने की मांग
आलापुर के चहोड़ा शाहपुर के देवानंद के परिजनों का आरोप है कि ठेकेदार, मेडिकल कॉलेज के बाबू ने बिना सुरक्षा उपकरणों के सेप्टिक टैंक में उतारकर सीधा मौत के मुंह में धकेल दिया। पत्नी गीता देवी ने बताया कि अगर सुरक्षा उपकरण होते तो उनकी पति जीवित होते हैं। शुक्रवार को अंतिम संस्कार से पहले तहसीलदार पद्मेश श्रीवास्तव और थाना प्रभारी आलापुर राकेश कुमार देवानंद के घर पहुंचे और परिजनों को कार्रवाई का आश्वासन दिया।
मुलायम सिंह यूथ ब्रिगेड के राष्ट्रीय सचिव प्रद्युम्न यादव, बसपा जिलाध्यक्ष सुनील कुमार सावंत, नेता जयप्रकाश मौर्य, बलराम निषाद और भीम आर्मी प्रतिनिधियों ने साफ कहा कि अगर जल्द एफआईआर दर्ज कर ठेकेदार, मेडिकल कॉलेज के जिम्मेदार अफसरों पर हत्या का मुकदमा नहीं चला तो सड़कों पर उतरकर आंदोलन करेंगे। नेताओं ने सरकार से पीड़ित परिवार को 25 लाख रुपये मुआवजा, गीता देवी को सरकारी नौकरी और पांचों बच्चियों की पढ़ाई-इलाज का पूरा खर्च उठाने की मांग की है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें