अंबेडकरनगर। दैनिक उपयोग में आने वाली सामग्रियों की जमाखोरी व कालाबाजारी करने वालों की खैर नहीं है। इस पर अंकुश लगाने के लिए जिला मजिस्ट्रेट के निकट पर कुल नौ टीमों का गठन किया गया है। यह टीम अपने अपने क्षेत्र में भ्रमण कर ऐसा करने वालों पर कड़ी नजर रखेगी। यदि कहीं से किसी प्रकार की गड़बड़ी सामने आई, तो संबंधित के विरुद्ध आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाएगी।
कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए शासन प्रशासन द्वारा बरते जाने वाले एहतियाती कदम के बीच दैनिक जीवन में प्रयोग होने वाली सामग्रियों की जमाखोरी व कालाबाजारी की शिकायतें सामने आने लगी है। दरअसल नागरिकों में लंबे लॉक डाउन की आशंका फैल गई। इसे देखते हुए उन्होंने जरूरी सामग्रियों की खरीदारी भी तेज कर दी। इसका सीधा लाभ दुकानदारों द्वारा उठाए जाने की शिकायतें सामने आने लगीं। जरूरी सामग्ऱियों की जमाखोरी व कालाबाजारी रोकने तथा ऐसा करने वाले दुकानदारों के विरुद्ध कार्रवाई करने के लिए शनिवार को जिला मजिस्ट्रेट राकेश कुमार के निर्देश पर जिले में नौ टीमों का गठन किया गया है। यह टीमें लगातार संबंधित क्षेत्र का भ्रमण कर दुकानदारों पर पैनी निगाह रखेंगे।
जिलापूर्ति अधिकारी राकेश कुमार ने बताया कि नगरीय क्षेत्रों में कालाबाजारी व जमाखोरी रोकने के लिए जिला खाद्य एवं विपणन अधिकारी, जिलापूर्ति अधिकारी, अभिहीत अधिकारी व वरिष्ठ निरीक्षक बाट माप के नेतृत्व में टीमें लगातार भ्रमण करंगी। इसके अलावा ग्रामीण क्षेत्रों में संबंधित तहसील के एसडीएम की अध्यक्षता में पूर्ति निरीक्षक, विपणन निरीक्षक व क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी की टीम भी जमाखोरी, मुनाफाखोरी व कालाबाजारी रोकने के लिए लगातार भ्रमण करेंगे।
प्रतिदिन दुकानों व गोदामों का औचक निरीक्षण किया जाएगा। बताया कि भ्रमण करने के बाद सभी टीमें शाम 4 बजे तक अपनी अपनी रिपोर्ट जिलापूर्ति कार्यालय को उपलब्ध कराएंगे। इससे प्रतिदिन शाम 5 बजे संबंधित रिपोर्ट को आयुक्त कार्यालय को भेजा जा सकेगा। बताया कि यदि कहीं से किसी प्रकार की शिकायत मिलती है, तो संबंधित के विरुद्ध आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत कार्रवाई भी की जाएगी।