गांव के विनोद दुबे ने कहा कि जिला अस्पताल समेत सभी सीएचसी व पीएचसी पर मनमानी का माहौल है। चिकित्सकों से लेकर स्वास्थ्य कर्मचारी तक अपनी जिम्मेदारी को लेकर पूरी तरह लापरवाह हैं।
चिकित्सकों का ध्यान प्राइवेट प्रैक्टिस पर अधिक रहता है। इससे कई बार मरीजों व उनके तीमारदारों को कई बड़ी समस्याओं से दो-चार होना पड़ता है। राजेश व नंदकुमार ने कहा कि कई बार इसकी शिकायत संबंधित अधिकारियों से की गई लेकिन कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा सका।
चेतावनी दी गई कि जब तक उनकी समस्याओं का निस्तारण नहीं हो जाता, धरना जारी रहेगा। बाद में डीएम को संबोधित ज्ञापन एसडीएम सदर पंकज को सौंपा गया। इस दौरान इरशाद अली, दयाराम, बाबूराम व रामधनी आदि मौजूद रहे।