अंबेडकरनगर। लगातार काम के बढ़ते दबाव व सहयोगियों से कोई मदद न मिलने से आहत होने की बात कहकर जिला अस्पताल की महिला चिकित्सक ने शुक्रवार को इस्तीफा दे दिया। सीएमओ ने चिकित्सक का इस्तीफा स्वीकार भी कर लिया है। एक माह के अंदर जिला अस्पताल की दूसरी चिकित्सक ने इस्तीफा दिया है, ऐसे में यहां पर आने वालीं महिला मरीजों को प्रसव को लेकर काफी असुविधा होगी।
जिला अस्पताल के एमसीएच विंग में संविदा पर तैनात डॉ. स्नेहा गौतम ने शुक्रवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया। चिकित्सक का कहना है कि वह लगातार 45 दिनों से ड्यूटी कर रही हैं, उन्हें भी आराम की आवश्यकता है। उन्होंने सीएमएस डॉ. पीएन यादव से अपनी बात कही, जिस पर उन्होंने लगातार तीन दिनों तक ड्यूटी और करने के लिए कहा था। शुक्रवार के लिए उन्होंने शाम तक अवकाश देने की मांग की, लेकिन वह भी मंजूर नहीं हुई।
सीएमएस ने ड्यूटी न करने पर लिखकर देने की चेतावनी दी थी। महिला चिकित्सक ने यह भी आरोप लगाया कि उनका निजी अस्पताल होने के कारण ड्यूटी करने का भी दबाव बनाया जा रहा था। इससे आहत होकर डॉ. स्नेहा ने अपना इस्तीफा सौंप दिया, जिसे मंजूर भी कर लिया गया है।
ईएमओ से ओपीडी, गायनेकोलॉजिस्ट से इमरजेंसी
जिला अस्पताल में इन दिनों कुछ भी ठीक नहीं चल रहा है। यहां पर शासक भले ही बदल गए हों लेकिन व्यवस्थाओं पर कोई सुधार नहीं है। प्रभारी सीएमएस भले ही सब कुछ ठीक होने का दावा करें लेकिन यह हवा हवाई साबित हो रहा है। जुगाड़ और अपनों पर रहम के कारण ही यहां पर ईएमओ से ओपीडी व गायनेकोलॉजिस्ट से इमरजेंसी डयूटी कराई जाती है।
बसखारी से संबद्ध की गईं चिकित्सक
बीते 19 मई को प्रसव के लिए आई महिला को इलाज न मुहैया कराए जाने के बाद उपजे विवाद में डॉ. संगीता सिंह ने अपना इस्तीफा सीएमओ को सौंप दिया था। उसके बाद से लगातार अस्पताल की व्यवस्थाएं सुधर नहीं पा रहीं हैं। इन दोनों के अलावा यहां तैनात डॉ. नायला मई में यहां संबद्ध की गई थीं। वह बकरीद के अवसर पर अवकाश पर हैं। डॉ. रजनी सचान को बसखारी से यहां संबद्ध किया गया है।
जिस डॉक्टर को काम नहीं करना है, उससे जबरन काम नहीं लिया जा सकता है। डॉ. स्नेहा का इस्तीफा मंजूर कर लिया गया है। इनके स्थान पर डॉ. रजनी सचान को संबद्ध किया गया है।
- डॉ. संजय कुमार शैवाल, सीएमओ