अंबेडकरनगर। लक्ष्मी-गणेश प्रतिमा विसर्जन के दौरान बाइक सवार की पिटाई से अकबरपुर नगर में सोमवार रात हंगामा खड़ा हो गया। विसर्जन जुलूस में शामिल युवकों द्वारा पिटाई के साथ ही अयोध्या मार्ग पर हंगामे की खबर मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और दो लोगों को हिरासत में ले लिया। उन्हें जीप में बैठाने के दौरान कुछ महिलाएं रोकने पहुंची, जिन्हें हटाकर पुलिस पकड़े गए लोगों को कोतवाली ले गई। पुलिस ने पांच नामजद समेत 13 लोगों के विरुद्ध केस दर्ज कर दो को जेल भेज दिया है।
सोमवार रात लक्ष्मी-गणेश प्रतिमा विसर्जन जुलूस के दौरान मीरानपुर के पास हंगामा हो गया। कुछ युवाओं ने मीरानपुर निवासी बाइक सवार सुरेंद्र सोनकर की पिटाई कर दी। सुरेंद्र के अनुसार युवक नशे में थे और पूरी सड़क घेरकर चल रहे थे। उन्होंने किनारे से निकलने का प्रयास किया तो पिटाई कर दी गई। उधर, युवकों के अनुसार सुरेंद्र ने जबरन आगे निकलने की कोशिश कर विवाद पैदा किया।
इसी बीच इस घटनाक्रम को लेकर अयोध्या मार्ग पर खासा हंगामा खड़ा हो गया। विसर्जन जुलूस में शामिल युवकों द्वारा हंगामे की खबर मिलते ही कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंच गई। इसके बाद वहां हंगामे को शांत कराया और दो आरोपियों को पकड़ लिया। इसके बाद माहौल शांत हो सका।
पुलिस ने बाद में सुरेंद्र सोनकर निवासी मीरानपुर की तहरीर पर स्थानीय निवासियों अजय राजभर, सुशील, रजनी, अमरजीत निषाद व हृदय राजभर के अलावा आठ अज्ञात व्यक्तियों के विरुद्ध विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर लिया। इसके साथ ही हिरासत में लिए गए दो आरोपियों सुशील व अमरजीत को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया।
बताया जाता है कि हंगामे की खबर मिलने पर अकबरपुर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची तो उपद्रव कर रहे लोगों में से दो को हिरासत में ले लिया। पुलिस ने उन्हें जीप में बैठाने का प्रयास किया तो विरोध में महिलाएं सामने आ गईं। इसी दौरान आरोपियों को ले जाने वाली जीप का गेट पकड़कर रोकने का प्रयास कर रही एक महिला को कोतवाल नारद मुनि सिंह द्वारा दो घूंसे मारने का वीडियो भी वायरल हो गया।
विसर्जन के दौरान हंगामे की सूचना पर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची थी। दो आरोपियों को हंगामा करते पकड़ा गया। नियमानुसार कार्रवाई करते हुए केस दर्ज कर जेल भेजा गया है। समय रहते कार्रवाई न होती तो विवाद बढ़ सकता था। एक महिला ने आरोपियों को पकड़े जाने से रोकने का प्रयास किया था, जिसे पुलिस कर्मियों ने हटा दिया।
- वीरेंद्र कुमार मिश्र, एसपी