अंबेडकरनगर के आलापुर में आयोजित होली मिलन समारोह में भाग लेते अधिवक्ता व अन्य।
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होली पर्व आपसी भाईचारे एवं प्रेम का त्यौहार है। इसे मिलजुलकर मनाने की जरूरत है। ये बातें तहसील के वसुधा सिंह सभागार में आयोजित होली मिलन समारोह एवं काव्य संध्या पर बतौर मुख्य अतिथि क्षेत्राधिकारी आरके सिंह ने कही।
कहा कि जिस प्रकार होली के दिन रंगों में हर कोई रंगा रहता है, उसी तरह हमें भी अपने जीवन में हर दिन खुशियों के रंग से रंगना चाहिए। अध्यक्षता कर रहे तहसीलदार रमेश मौर्य ने कहा कि होली मिलन समारोह हमें जहां एक तरफ भाईचारे का संदेश देता है, वहीं काव्य संध्या के माध्यम से हमें साहित्य का आनंद दिलाता है।
कवि भालचंद्र त्रिपाठी ने ‘गुलों को मिल गई खिलने की फुर्सत, तुम्हें अभी तक नहीं मिलने की फुर्सत’ सुनाकर खूब वाहवाही बटोरी। व्यंग्यकार कवि राजाराम सिंह ने ‘हम खुद ही उपमा हैं, रूपक हैं, सुख दुख के अफसाने, जले तो दीपक हैं, जब जल जाए तो परवाने हैं’ सुनाया। इस मौके पर अधिवक्ता संघ अध्यक्ष अनिल श्रीवास्तव, महामंत्री फूलचंद्र यादव, शिवप्रसाद शुक्ल, श्रीकांत शुक्ल व गजराज यादव आदि मौजूद रहे।