अंबेडकरनगर। जनपद के पांच हजार से अधिक किसानों को बोरिंग के लिए अनुदान दिया जाएगा। शासन से वित्तीय वर्ष 2024-25 में लघु सिंचाई विभाग को लक्ष्य मिला है। इसमें उथली बोरिंग के लिए 5000 जबकि मध्यम बोरिंग के लिए 120 का लक्ष्य है। ऑनलाइन आवेदन प्राप्त होने के बाद पात्रता की जांच की जाएगी। सभी मानक पर खरा उतरने पर आवेदकों को लाभांवित किया जाएगा।
सहायक अभियंता लघु सिंचाई सतेंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि वित्त वर्ष 2024-25 में उथली बोरिंग के लिए 5,000 पात्रों का लक्ष्य मिला है। सामान्य जाति में जिनके पास 0.2 हेक्टेयर या इससे कम भूमि है, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के लाभार्थी हैं या पारदर्शी पोर्टल पर पंजीकरण है, उन्हें ही इसका लाभ मिलेगा। अनुसूचित जाति-जनजाति के लिए भूमि की बाध्यता नहीं है। सामान्य जाति के चयनित पात्रों को लागत का 70 प्रतिशत अनुदान मिलेगा, उन्हें अपने पास से केवल 30 प्रतिशत राशि जमा करनी होगी। वहीं अनुसूचित जाति-जनजाति के चयनित पात्रों को लागत का 90 प्रतिशत अनुदान मिलेगा, उन्हें अपने पास से सिर्फ 10 प्रतिशत राशि भुगतान करना होगा।
इसके अलावा मध्यम बोरिंग के लिए सामान्य व अनुसूचित जाति- जनजाति के लिए 120 का लक्ष्य मिला है। इसमें लागत की 50 प्रतिशत राशि अनुदान के रूप में मिलेगी। चयनित्र पात्र को अधिकतम मध्यम बोरिंग के लिए 1,75,000 रुपये, बिजली कनेक्शन, पावर हाउस के लिए 68,000 रुपये, पानी खेत तक पहुंचाने के लिए नाली आदि कार्य के लिए 14,000 रुपये कुल दो लाख 57 हजार रुपये अनुदान मिलेगा।