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Ambedkar Nagar News: बन गए फर्जी जॉब कार्ड, कागजों पर बने तालाब, नोटिस जारी

Tue, 12 Aug 2025 10:47 PM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
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कटेहरी क्षेत्र में मनरेगा से हो रहा काम। स्रोत विभाग 
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अंबेडकरनगर। जिले में मनरेगा योजना के अंतर्गत बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार का पर्दाफाश हुआ है। चार विकास खंडों में जांच के दौरान लाखों रुपये की वित्तीय अनियमितता सामने आई है। ग्राम पंचायतों में कराए गए कार्यों का भौतिक सत्यापन होने पर कई जगह कागजों पर काम दर्शाकर भुगतान ले लिया गया, जबकि मौके पर कार्य या तो अधूरे थे या फिर हुए ही नहीं हैं।
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जिले की विकास योजनाओं में पारदर्शिता के दावों की पोल एक बार फिर खुल गई है। डीसी मनरेगा विजय अस्थाना ने बताया कि इन मामलों में संबंधित ग्राम प्रधानों, सचिवों और तकनीकी सहायकों को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिए गए हैं। वसूली की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है और एफआईआर की तैयारी के साथ विभागीय कार्रवाई भी की जा रही है।
ऐसे हुआ फर्जी भुगतान का खेल
-ग्राम पंचायत दरबपुर में हौसिला पुत्र दुबरी के खेत की मेड़बंदी दिखाकर 50,830 रुपये की निकासी की गई, जबकि कार्य अनियमित रूप से हुआ।
-दरबपुर निवासी व्यक्ति का नरहरपुर पंचायत से जॉब कार्ड बनाकर 2,84,096 रुपये का फर्जी भुगतान किया गया।
-अकबरपुर ब्लॉक की ग्राम पंचायत रानीपुर में पार्वती पत्नी राम आसरे के नाम पर तालाब निर्माण पर 94,962 रुपये खर्च दिखाए गए। जांच में वहां केवल समतल खेत मिला है।
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-ग्राम पंचायत दरबन में कर्बला के सामने सुंदरीकरण और चकमार्ग निर्माण के नाम पर 3,95,127 रुपये खर्च दिखाए गए, लेकिन मौके पर कार्य अधूरा या नदारद मिला।
-बसखारी ब्लॉक की ग्राम पंचायत दाउदपुर में खुशीराम पुत्र राम सुमेर के खेत में तालाब खुदाई के नाम पर 1,03,092 रुपये का भुगतान किया गया, जबकि कार्य धरातल पर नहीं मिला।
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दोषियों के खिलाफ की जा रही कार्रवाई
मनरेगा जैसी जनहितकारी योजना में भ्रष्टाचार किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं होगा। दोषियों से वसूली के साथ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

आनंद कुमार शुक्ला, मुख्य विकास अधिकारी
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