फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

निर्देश का असर, धार्मिक स्थलों से उतरने लगे लाउडस्पीकर

विज्ञापन
विज्ञापन
अंबेडकरनगर। जिले के विभिन्न धार्मिक स्थलों से लाउडस्पीकर का उतरना और आवाज धीमी करने का सिलसिला शुरू हो गया है। दरअसल प्रशासन ने नोटिस जारी कर लाउडस्पीकर के संदर्भ में हाईकोर्ट व शासन के आदेश का पालन सुनिश्चित करने को कहा है। सभी तहसीलों में एसडीएम की तरफ से नोटिस जारी कर कहा गया कि दिन व रात में तथा अलग-अलग क्षेत्रों के लिए निर्धारित आवाज के मानक का प्रयोग सुनिश्चित हो। यह भी कहा गया है कि किसी भी धार्मिक स्थल पर एक लाउडस्पीकर से ज्यादा नहीं लगाया जा सकेगा।
विज्ञापन

किसी भी प्रकार के विवाद से बचने के लिए धर्मस्थलों पर लाउडस्पीकर के मनमाने प्रयोग पर अंकुश लगाने का निर्देश राज्य सरकार ने दिया है। इसमें सभी तरह के धर्मस्थलों को शामिल किया गया है। यूं तो हाईकोर्ट ने वर्ष 2017 में ही लाउडस्पीकर के प्रयोग को लेकर निर्देश जारी किया था, लेकिन उसका अनुपालन पूरी तरह नहीं हो पा रहा था। अब राज्य सरकार की सख्ती का असर हुआ है।
डीएम सैमुअल पॉल एन व एसपी आलोक प्रियदर्शी ने बीते दिनों धर्मगुरुओं की जिलास्तरीय बैठक में आह्वान किया था कि वे इस बारे में स्वयं पहल कर न्यायालय व सरकार के आदेशों का पालन सुनिश्चित करें। इसका सार्थक परिणाम सामने नहीं आया। इसके बाद दोनों अधिकारियों ने सभी पांच तहसीलों के एसडीएम व सीओ को निर्देशित किया कि वे सभी धार्मिक स्थलों को नोटिस जारी कर निर्देशों का पालन सुनिश्चित कराएं। इसे देखते हुए सभी तहसीलों में धर्मस्थलों को नोटिस जारी होनी शुरू हो गई है।
विज्ञापन

नोटिस मिलते ही कई धर्मस्थलों से अनावश्यक लाउडस्पीकर उतरने लगे हैं। दरअसल आदेश में साफ है कि एक लाउडस्पीकर ही लगाया जा सकेगा। इसके अलावा आवाज धीमी रखने का भी स्पष्ट निर्देश है। उल्लंघन करने पर कार्रवाई का भी जिक्र किया गया है। असर यह हुआ है कि कई जगहों पर विभिन्न धर्मस्थलों से लाउडस्पीकर उतारे जा रहे हैं।
एसडीएम अकबरपुर पवन कुमार जायसवाल ने बताया कि तहसील क्षेत्र में कुल 197 मंदिर व मस्जिद हैं। इन सभी को नोटिस दी गई है। इनमें से जिन्होंने पहले से ही अनुमति ले रखी है, उन्हें निर्देशों का पालन तय करना है। जिन्होंने अनुमति नहीं ली है, उन्हें अनुमति अविलंब लेनी है। आलापुर एसडीएम अभय कुमार पांडेय ने बताया कि तहसील क्षेत्र में स्थित 122 धार्मिक स्थलों को नोटिस दी गई है। जलालपुर एसडीएम मोहनलाल गुप्त ने बताया कि कुल 204 धार्मिक स्थल हैं। इन सभी को नोटिस जारी कर आदेश का पालन सुनिश्चित कराने को कहा गया है।
एसडीएम टांडा दीपक वर्मा नहीं बता सके कि कुल कितनी मस्जिद व मंदिर उनके तहसील क्षेत्र में हैं। उन्होंने मैसेज कर जानकारी देने का भरोसा दिलाया, लेकिन ऐसा नहीं कर सके। हाल ही में भीटी के एसडीएम बनाए गए सुनील कुमार इस अत्यंत महत्वपूर्ण दौर में भी अपना सीयूजी बंद किए हुए मिले। उनके पर्सनल नंबर पर फोन किया गया तो वह भी रेंज के बाहर बताता रहा।
आज तक दी गई मोहलत
धर्मस्थलों को जो नोटिस दी गई है, उसमें 27 अप्रैल तक की मोहलत दी गई है। कहा गया है कि यदि 27 अप्रैल तक लाउडस्पीकर के प्रयोग की अनुमति नहीं ली गई, तो इसके बाद पुलिस पहुंचकर संबंधित धर्मस्थल से लाउडस्पीकर उतरवाएगी। यह भी कहा गया कि जिन धर्मस्थलों ने पहले से अनुमति ले रखी है, उन्हें भी निर्देशों का पालन 27 अप्रैल तक सुनिश्चित कर लेना है। यदि उनके द्वारा भी निर्देशों का पालन सुनिश्चित नहीं किया गया, तो वहां भी लगे अतिरिक्त लाउडस्पीकर हटवाए जाएंगे। ज्यादा डेसिबल आवाज रखने पर संबंधित लाउडस्पीकर को हटवा दिया जाएगा।
निर्देशों का कराया जा रहा पालन
लाउडस्पीकर के प्रयोग को लेकर शासन के निर्देश का पालन कराया जा रहा है। सभी एसडीएम व सीओ को निर्देश दिए है ंकि वे व्यक्तिगत तौर पर ध्यान देते हुए जरूरी प्रक्रिया सुनिश्चित कराएं। सभी थाने की टीम भी अनुपालन सुनिश्चित करने में लगी है।
विज्ञापन

-आलोक प्रियदर्शी, एसपी
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें