सद्दरपुर। राजकीय मेडिकल कॉलेज के एनाटॉमी विभाग की ओर से बृहस्पतिवार को विश्व देहदान एवं अंगदान दिवस पर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव नीलम वर्मा उपस्थित रहीं।
कार्यक्रम की अध्यक्षता राजकीय मेडिकल कॉलेज के प्रधानाचार्य प्रो. डॉ. मुकेश यादव ने की, जबकि कार्यक्रम का संचालन प्रवीण गुप्ता ने किया। इस दौरान एनाॅटमी विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. संदीप शर्मा ने कहा कि, देहदान केवल शरीर का दान नहीं, बल्कि चिकित्सा शिक्षा और आने वाली पीढ़ियों के बेहतर स्वास्थ्य के लिए किया गया महान मानवीय योगदान है। मेडिकल विद्यार्थियों को मानव शरीर की संरचना का वैज्ञानिक एवं व्यावहारिक ज्ञान प्राप्त करने में देहदान की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। समाज में देहदान और अंगदान को लेकर जागरूकता बढ़ाना हम सभी की जिम्मेदारी है।
सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने कहा कि, अंगदान और देहदान मानवता की ऐसी सेवा है, जिसका लाभ हमारे जीवन के बाद भी समाज को मिलता रहता है। प्रधानाचार्य ने कहा कि, देहदान चिकित्सा विज्ञान की शिक्षा और अनुसंधान की आधारशिला है। कार्यक्रम के दौरान देहदान के प्रति लोगों में विशेष उत्साह देखने को मिला। वहीं, रघुपति विश्वकर्मा, जगदीश प्रसाद, रामदयाल मौर्य, लंगिरी, रामचरन वर्मा सहित 15 लोगों ने अपनी स्वेच्छा से देहदान के लिए पंजीकरण भी कराया। इस पर देहदानियों को सम्मानित किया गया।
इस दौरान डॉ. रणजीत कुमार, दधीचि देहदान संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष के पी सिंह पालीवाल, नर्सिंग कॉलेज के प्रधानाचार्य डॉ. भास्कर, डॉ. सुमित, डॉ. सृष्टि पाल, डॉ. अंकित, डॉ. गौरव विश्वकर्मा, रामकेश वर्मा, अंशुमान सिंह, आशीष कुमार सहित मेडिकल कॉलेज के चिकित्सक व विद्यार्थी मौजूद रहे।