उनके पास से लूटी गई रकम में एक लाख 35 हजार रुपये व उसी रकम से खरीदी गई एक कार भी बरामद की गई है। इस मामले तीन लोगों को पहले की गिरफ्तार किया जा चुका है।
मालूम हो कि 28 दिसंबर को अकबरपुर नगर के नई सड़क स्थित यूनियन बैंक के सामने से सशस्त्र बदमाशों ने एक बीड़ी कंपनी के कर्मचारियों से साढ़े 37 लाख रुपये लूट लिए थे। दहशत फैलाने के लिए कई चक्र हवाई फायरिंग भी की थी। दिनदहाड़े हुई इस घटना ने जिले को झकझोर कर रख दिया था।
घटना का पर्दाफाश करने को लेकर पुलिस प्रशासन पर काफी दबाव था। छानबीन में घटना का मास्टर माइंड मनोज श्रीवास्तव निवासी अशरफाबाद का नाम सामने आया था, जिसने बीते 2 जनवरी को एक मामले में जौनपुर न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया था।
इसके अलावा बीते 13 जनवरी को रेकी करने के आरोप में मुकेश सैनी निवासी शहजादपुर थाना अकबरपुर, प्रदीप निवासी छावनिया शहजादपुर थाना अकबरपुर व नितिन कसेरा निवासी रेलवे स्टेशन रोड शहजादपुर थाना अकबरपुर को गिरफ्तार कर पुलिस पहले ही चालान कर चुकी है। पकड़े गए बदमाशों के पास से 30 हजार 250 रुपये, एक अदद तमंचा, दो कारतूस व घटना में प्रयुक्त बाइक बरामद किया था।
इस बीच रविवार को पुलिस लाइन में मामले का पर्दाफाश करते हुए एसपी अजय कुमार सिंह ने बताया कि मुखबिर से सूचना मिली कि घटना को अंजाम देने वाले तीन मुख्य बदमाश अकबरपुर मालीपुर मार्ग पर किसी घटना को अंजाम देने की फिराक में हैं।
इस पर कोतवाली पुलिस व स्वाट टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी कर तीन बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया गया। पकड़े गए बदमाशों में प्रदीप सिंह निवासी बरई थाना गोशाईगंज जनपद सुल्तानपुर के पास से एक तमंचा, 6 कारतूस, एक खोखा, बाइक, 51 हजार 740 रुपये व एक फर्जी मतदान पहचान पत्र बरामद हुआ।
प्रदीप सिंह पर एक मामले में 10 हजार रुपये का इनाम है। अखिलेश यादव निवासी खास भादी शाहगंज जौनपुर के पास से एक तमंचा, कारतूस, 31 हजार 480 रुपये व मोनू यादव निवासी अशरफाबाद के पास से एक तमंचा, कारतूस व एक खोखा बरामद हुआ। इनके पास से एक नई कार, जिसकी कीमत 8 लाख 50 हजार रुपये है, मिली है।