अंबेडकरनगर। जैतपुर इलाके में वर्ष 2017 में किशोरी के अपहरण, दुष्कर्म व पॉक्सो एक्ट के मामले में बाल न्यायालय/अपर सत्र न्यायालय ने बाल अपचारी को सात साल कैद की सजा सुनाई है। साथ ही 20 हजार रुपये अर्थदंड लगाया है।
जैतपुर क्षेत्र के एक ग्रामीण ने पुलिस को प्रार्थना पत्र देकर बताया था कि उनकी 15 वर्षीय पुत्री कक्षा नौ की छात्रा थी। पड़ोस के गांव का एक किशोर उनकी पुत्री से फोन पर अश्लील बातें करता था। जानकारी होने पर इसको डांट-फटकार लगाई थी।
फिर भी किशोर उनके परिवार के साथ गाली-गलौज करता था। पांच सितंबर 2017 की रात लगभग दो बजे विपक्षी उनकी पुत्री को शादी का झांसा देकर अपने साथ ले गया। इसके बाद वह लखनऊ पहुंचा और उनकी पुत्री को अपने साथियों को सौंपकर गायब हो गया था। दोनों साथी किशोरी को लखीमपुर लेकर गए। विवेचना के दौरान पुलिस ने इस मामले में अपहरण, दुष्कर्म व पॉक्सो एक्ट की धाराएं बढ़ाईं।
इसकी सुनवाई बाल न्यायालय/विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट मोहन कुमार की कोर्ट में हुई। कोर्ट ने बाल अपचारी को दोषी मानते हुए सजा सुनाई है। अर्थदंड में 75 प्रतिशत धनराशि पीड़िता को दी जाएगी।