भीटी थाना में हत्यारोपी पिता-पुत्र। पुलिस मीडिया
भीटी (अंबेडकरनगर)। क्षेत्र के खमपुर मदारभारी गांव से 17 अक्तूबर से लापता रामरती देवी (65) का शव मंगलवार रात सुल्तानपुर जिले के जयसिंहपुर के सराय नौरंग गांव के पास झाड़ी में पड़ा मिला। हत्यारोपी देवर रामदयाल को लेकर पहुंची भीटी पुलिस को मृतका के शव के पास से वारदात में प्रयुक्त हसिया भी मिला। हत्यारोपी ने बताया कि एक बीघा जमीन हथियाने के लिए उसने बेटे बृजलाल व एक अन्य साथी जुजु उर्फ राममनोरथ वर्मा के साथ मिलकर भाभी की हसिया से गला काटकर हत्या कर दी थी।
एसपी अभिजीत आर शंकर ने बताया कि मदारभारी खमपुर निवासी रामरती देवी (65) के पति की मौत 10 सितंबर को हुई थी। ऐसे में निसंतान रामरती महरुआ के रामबाबा बनपुरवा स्थित अपनी बहन के बेटे अमरजीत के साथ रहती थी। रामरती 17 अक्तूबर की दोपहर तीन बजे अपने खेत में धान काटने गई थी। देर शाम तक घर नहीं लौटीं, तो रामजीत भी अपने परिवार के साथ मदार भारी गांव पहुंचे। वहां, उन्होंने अपनी मौसी की काफी तलाश की, लेकिन कुछ पता नहीं चला। आरोप है कि जमीन को लेकर मौसी रामरती का विवाद उनके देवर रामदयाल व छोटे भतीजे बृजलाल से चल रहा था। प्रभारी निरीक्षक अमित कुमार पांडेय ने बताया कि रामजीत की तहरीर पर 18 अक्तूबर को पुलिस ने केस दर्ज कर लिया था। खोजबीन के दौरान खमपुर मदार भारी स्थित धान के खेत में खून के धब्बे, टूटी चूड़ियां और घसीटने के निशान भी मिले थे। तभी से पुलिस को उन दोनों पर शक था। इसी आधार पर आरोपी देवर राम दयाल व उसके पुत्र को पुलिस ने हिरासत में लिया। दोनों से पूछताछ की गई तो आरोपियों ने हत्या की वारदात को अंजाम देने की बात स्वीकार की। हत्यारोपी ने बताया कि एक बीघा जमीन हथियाने के लिए उसने बेटे बृजलाल व एक अन्य साथी जुजु उर्फ राममनोरथ वर्मा के साथ मिलकर भाभी की हसिया से गला काटकर हत्या कर दी थी। उनकी निशानदेही पर रामरती का शव सराय नौरंग गांव के पास झाड़ी में मिला। मृतका के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
इनसेट-
एक माह पहले हुई थी पति की मौत
रामरती की कोई संतान नहीं थी। करीब एक माह पहले उसके पति राम जियावन की मृत्यु हो गई थी। वरासत के तहत पति की संपत्ति रामरती के नाम होने वाली थी। संपत्ति की लालच में ही उसकी हत्या किए जाने की आशंका जताई जा रही है।