अंबेडकरनगर। आजमगढ़ के पवई थाने के हेवती डिहवा गांव में बृहस्पतिवार देर रात बाबा-पोते की धारदार हथियार से गला काटकर हत्या कर दी गई। खून से लथपथ पोते शिवांशु उर्फ अंकित (25) को अंबेडकरनगर के नगपुर सीएचसी लाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। शुक्रवार को राजकीय मेडिकल कॉलेज सद्दरपुर टांडा में शिवांशु के शव का पोस्टमॉर्टम कराया गया।
शिवांशु उर्फ अंकित के चचेरे भाई जितेंद्र यादव ने बताया कि अंकित आईएएस अफसर बनाना चाहते थे। इसलिए वह दिल्ली में रहकर सिविल सेवा की तैयार कर रहे थे। दो बार मेंस क्लीयर किया था, लेकिन इंटरव्यू पास नहीं कर सके थे। पांच जुलाई को दिल्ली से गांव लौटे थे। बृहस्पतिवार की रात घर के बाहर सो रहे थे। रात करीब डेढ़ बजे अज्ञात हमलावर आए और शिवांशु का गला रेतकर भाग निकले।
खटपट की आवाज सुनकर जब अंकित का छोटा भाई अंकुर बाहर निकला तो भाई को खून से लथपथ शव देखकर शोर मचाया। आननफानन परिजन उसे लेकर पहले एक निजी अस्पताल गए। इसके बाद अंबेडकरनगर के जलालपुर तहसील के सीएचसी नगपुर लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मामले की सूचना पर जिले की पुलिस ने आजमगढ़ की पुलिस से तालमेल साधा और शुक्रवार को राजकीय मेडिकल कॉलेज सद्दरपुर में पोस्टमार्टम कराया गया। देर शाम परिजन शव लेकर आजमगढ़ के लिए रवाना हो गए।
घर से 500 मीटर दूर बाबा की भी हत्या
मृतक के चचेरे भाई जितेंद्र यादव, सुरेश यादव और गांव के गंगा प्रसाद ने बताया कि शिवांशु का गला काटने के बाद हत्याराें ने घर से 500 मीटर दूर टयूबवेल के पास शिवांशु के बाबा जगदंबा प्रसाद का भी गला काटकर हत्या कर दी। पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त कुल्हाड़ी बरामद कर ली है। मृतक के चचेरे भाई शिवराज ने चार लोगों के खिलाफ नामजद तहरीर दी है। पुलिस भूमि विवाद सहित सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है। सीओ अनूप सिंह ने बताया कि नगपुर में रात डेढ़ बजे अंकित का शव पहुंचा था। चिकित्सकों ने मृत घोषित करने के बाद राजकीय मेडिकल कॉलेज सद्दरपुर में पोस्टमार्टम कराया गया है।