अंबेडकरनगर। राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस 10 अगस्त को मनाया जाएगा। जिले में एक से 19 वर्ष तक के 13 लाख से अधिक बच्चों व युवाओं को एल्बेंडाजोल दवा खिलाई जाएगी। स्वास्थ्य विभाग ने इसके लिए तैयारी पूरी कर ली हैं।
राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस कार्यक्रम के तहत जनपद में 4043 विद्यालयों में अभियान चलाकर बच्चों को दवा खिलाई जानी है। इसमें 1871 सरकारी, 2173 निजी विद्यालयों के अलावा एएनएम व आशा घर-घर जाकर बच्चों व युवाओं को दवा खिलाएंगी। इसके लिए जनपद में 13 लाख से अधिक दवा उपलब्ध है। दवाओं के सेवन को लेकर सभी कर्मचारियों को दिशा-निर्देश भी दिए जा चुके हैं। सीएमओ कार्यालय के अनुसार छह माह में एक बार हर व्यक्ति को एल्बेंडाजोल दवा का सेवन करना चाहिए। कहा कि पेट में हानिकारक कीड़े होने के कारण जो ऊर्जा खानपान से व्यक्ति को मिलनी चाहिए, वह उसे पूरी तरह से नहीं मिल पाती है। पेट में मौजूद कीड़े पोषक तत्वों को चूस लेते हैं, जिससे बच्चों का शारीरिक व मानसिक विकास अवरुद्ध हो जाता है। ऐसे में बच्चों को निर्धारित समय पर एल्बेंडाजोल दवा जरूर लेनी चाहिए।
उम्र के हिसाब से दें दवा
जिला अस्पताल में तैनात फिजीशियन डॉ. योगेश वर्मा ने बताया कि एल्बेंडाजोल की दवा बच्चों की उम्र सीमा के हिसाब से देनी है। दो वर्ष के बच्चों को आधी गोली, तीन से वर्ष 19 वर्ष के बच्चों को एक गोली दी जानी है। खांसी, बुखार, सांस फूलना व गंभीर बीमारी के ग्रसित बच्चों को दवा का सेवन नहीं कराना है। दवा को हाथ से न खिलाएं। इसके लिए चम्मच का प्रयोग करें। कुछ बच्चों को अगर दवा खाने के बाद उल्टी, दस्त व पेट में हल्का दर्द हो तो उसे खुली हवा में छायादार स्थान पर लिटा दें। दवा को निगल कर नहीं, बल्कि चबाकर खाना होता है।
सभी तैयारियां पूरी
10 अगस्त को एल्बेंडाजोल दवा खिलाई जाएगी। इसके लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गईं हैं। जनपद में पर्याप्त मात्रा में दवा उपलब्ध है।
- डाॅ. राज कुमार, सीएमओ