अंबेडकरनगर। नगपुर सीएचसी में इलाज के बाद नवजात की मौत होने के मामले में तीन स्टाफ नर्स पर कार्रवाई की तलवार लटक गई है। जांच टीम की रिपोर्ट में तीन नर्सों द्वारा लापरवाही बरतने की पुष्टि हुई है। तीनोंं नर्सों के विरुद्ध कार्यवाही के लिए सीएमओ को रिपोर्ट सौंप दी गई है ।
मठिया निवासी जितेंद्र पाल ने आरोप लगाया था कि पत्नी वंदना पाल को प्रसव पीड़ा के बाद वह उसे लेकर बीते नगपुर सीएचसी पहुंचा, जहां उसे पुत्री पैदा हुई। देर रात पुत्री की तबीयत खराब हुई तो वहां मौजूद स्टाफ नर्स से चिकित्सक को बुलाने के लिए कहा गया लेकिन नर्स ने डॉक्टर को बुलाने के बजाया खुद नवजात का इलाज किया जिससे उसकी तबीयत और खराब हो गई। उसके बाद नवजात को शाहगंज स्थित एक निजी अस्पताल में ले जाना पड़ा, जहां इलाज के दौरान मौत हो गई ।
बीते दिनों इसी मामले की अपर सीएमओ और डिप्टी सीएमओ की टीम ने जांच शुरू की थी। स्टाफ नर्स व शिकायतकर्ता के अलग-अलग बयान दर्ज कराए गए। टीम ने बताया कि दर्ज बयान से यह साफ है कि स्टाफ नर्स द्वारा नवजात के इलाज में लापरवाही बरती गई है। इस पर जांच टीम ने तीन स्टाफ नर्स के विरुद्ध कार्रवाई की संस्तुति करते हुए जांच रिपोर्ट सीएमओ को सौंप दी है। उधर सीएमओ राजकुमार ने बताया कि अभी जांच रिपोर्ट का अवलोकन नहीं किया गया है। रिपोर्ट देखने के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।