अंबेडकरनगर। स्वास्थ्य मंत्री के गृह जनपद में ही जिला चिकित्सालय के मरीजों को आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध नहीं हो रही हैं। एक तरफ जहां मरीजों को ज्यादातर दवाएं बाहर से लाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। वहीं दो दिनों से उन्हें दूध का लाभ भी नहीं मिला है।
इससे पूर्व भी कभी-कभार ही उन्हें दूध मिल पा रहा था। मरीजों ने दूध न मिलने की शिकायत अकबरपुर विधायक दुग्ध विकास मंत्री राममूर्ति वर्मा से भी। लेकिन कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा सका। इससे मरीजों में नाराजगी व्याप्त है। वहीं सीएमएस का कहना है कि मामला गंभीर है। सभी मरीजों को नियमित सुविधा मिलेगी।
जिला चिकित्सालय में मरीजों व उनके तीमारदारों को शासन द्वारा चलाई जा रही योजनाओं का समुचित लाभ नहीं मिल पा रहा है। उन्हें विभिन्न समस्याओं से जूझना पड़ रहा है। तमाम दिशा निर्देशों के बाद भी मरीजों को बाहर से दवा लाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। डॉक्टरों का समय से न आना एवं कर्मचारियों की मनमानी आम बात होकर रह गई है। जनरेटर न चलने एवं बिजली न रहने पर एक्स-रे के लिए मरीजों को भटकने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। चिकित्सालय परिसर में साफ-सफाई की व्यवस्था भी बेपटरी होकर रह गई है। यही नही रैनबसेरा का लाभ भी तीमारदारों को नहीं मिल पा रहा है।
जिला चिकित्सालय में फैली अव्यवस्था यहीं तक सीमित नहीं है। दो दिनों से मरीज दूध के लिए तरस रहे हैं। लेकिन संबंधित अधिकारियों व कर्मचारियों से शिकायत करने के बाद भी उन्हें दूध नसीब नहीं हुआ। मरीज प्रियंका, नफीसा, रेखा व मन्नो बानो ने कहा कि उन्हें दो दिनों से दूध नहीं मिला है। इससे पहले भी कभी-कभार ही यह सुविधा मिलती थी। मरीज दीपिका, लक्ष्मी देवी व संजय कुमार ने बताया कि जब संबंधित अधिकारियों व कर्मचारियों से शिकायत की जाती है, तो उन्हें दूध उपलब्ध कराया जाता है, अन्यथा नहीं मिलता।