अंबेडकरनगर। जिस विधायक निधि का प्रयोग विधानसभा क्षेत्र के ग्रामीण इलाकों के विकास कार्यों के लिए होना चाहिए, उस निधि का उपयोग जनप्रतिनिधियों द्वारा स्कूलों के विकास में कुछ ज्यादा ही किया जा रहा है। आलापुर विधायक द्वारा अपनी निधि की रकम जिन 27 परियोजनाओं के लिए खर्च की गई है, उसमें 25 परियोजनाएं मात्र विद्यालयों की हैं। बीते वर्ष आलापुर विधायक ने अपनी निधि से जो एक करोड़ 43 लाख 514 रुपये खर्च किए, उसमें से मात्र दो लाख 34 हजार 174 रुपये ही अन्यत्र खर्च किए गए, जबकि शेष धनराशि स्कूलों के विकास में व्यय कर दी गई। खास बात यह कि इसमें से 40 लाख रुपये मात्र तीन विद्यालयों के विकास पर खर्च की गई है।
क्षेत्र में विकास के लिए प्रत्येक वर्ष विधायक निधि में एक करोड़ 50 लाख रुपये उपलब्ध कराए जाते हैं। आलापुर विधायक निधि में भी यह रकम प्राप्त हुई। वित्तीय वर्ष 2012-13 में विकास के लिए मिले एक करोड़ 50 लाख रुपये के सापेक्ष 27 परियोजनाओं में कुल एक करोड़ 43 लाख 514 रुपये खर्च किए गए। इसमें से दो परियोजनाओं को छोड़कर 25 परियोजनाएं सिर्फ विद्यालयों के विकास के लिए थीं।
विभागीय सूत्र के अनुसार तेंदुआ गांव में विद्युतीकरण के लिए एक लाख 34 हजार रुपये, जबकि विधायक के उपयोगार्थ लैपटॉप पर एक लाख 174 रुपये खर्च किए गए। इस प्रकार कुल दो लाख 34 हजार 174 रुपये इन दो परियोजनाओं पर खर्च किए। शेष एक करोड़ 40 लाख 66 हजार 340 रुपये विद्यालयों के विकास के लिए खर्च किया गया। खास बात यह है कि इसमें भी तीन स्कूलों के विकास पर 40 लाख रुपये व्यय किए गए।