अंबेडकरनगर। जिले की 9 सीएचसी शीघ्र ही वाईफाई से लैस होंगी। राज्य सरकार की कायाकल्प योजना के तहत सभी सीएचसी में वाईफाई सिस्टम लगाने का निर्णय बीते दिनों लिया गया था। सिस्टम लगाने की शुरूआत हो चुकी है। ऐसा होने से एक तरफ जहां एक्स रे समेत अन्य जांच की रिपोर्ट आनलाइन मरीजों को बगैर किसी समस्या के मिल सकेगी, वहीं अस्पताल प्रशासन दवा व मरीजों से संबंधित जानकारियां सीएमओ कार्यालय समेत अन्य विभागीय कार्यालयों को सुचारु रूप से उपलब्ध करा सकेगा। सीएचसी के वाईफाई से लैस होने पर लगभग 9 लाख की आबादी से जुड़े मरीजों को लाभ मिलेगा।
सीएचसी में एक्स रे कराने वाले मरीजों को अक्सर रेडियोलॉजिस्ट न होने के चलते एक्स-रे फिल्म तो मिल जाती है, लेकिन उन्हें जांच रिपोर्ट समय पर नहीं मिल पाती। कभी कभी मरीजों को रिपोर्ट के लिए लंबा इंतजार करना पड़ता है। इससे संबंधित मरीजों को इलाज कराने में मुश्किल होती थी। इसके अलावा सीएचसी में आने वाले मरीजों व दवा समेत अन्य जानकारियां भी नेटवर्किंग समस्या का हवाला देते हुए सीएचसी प्रशासन सीएमओ कार्यालय को नहीं उपलब्ध करा पाता है।
इन समस्याओं को दूर करने के लिए बीते दिनों शासन ने सभी सीएचसी को वाईफाई से लैस किए जाने का निर्णय लिया। कायाकल्प योजना के तहत शीघ्र ही सीएचसी में वाईफाई सिस्टम की स्थापना करा दी जाएगी। कायाकल्प योजना के जिला सलाहकार डॉ. रवि वर्मा ने बताया कि जिले में कुल नौ सीएचसी कटेहरी, भीटी, जलालपुर, जहांगीरगंज, बसखारी, टांडा, भियांव, अकबरपुर व रामनगर को वाईफाई से लैस किया जाएगा। प्रत्येक केंद्र पर लगभग 40 से 50 हजार रुपये का खर्च आने का अनुमान है।
डॉ. रवि ने बताया कि वाईफाई शुरू होने से यदि रेडियोलॉजिस्ट नहीं है, तो भी एनआरएचएम योजना के तहत बंगलूरू में स्थापित वार रूम में सीएचसी से एक्स-रे की सभी जानकारी भेजी जाएंगी, जहां मौजूद चिकित्सकों की टीम एक्स रे की रिपोर्ट आनलाइल सीएचसी को भेजेगी। ऐसे में संबंधित मरीज को एक्स-रे रिपोर्ट के लिए इंतजार नहीं करना पड़ेगा। कभी कभी ऐसा होता है कि एक्स रे फिल्म तो मरीज को मिल जाती है, लेकिन रेडियोलॉजिस्ट के न होने से उन्हें रिपोर्ट समय पर नहीं उपलब्ध हो पाती थी।
वाईफाई होने से ई-नेटवर्किंग के माध्यम से तत्काल जांच रिपोर्ट उपलब्ध हो जाएगी। इसके अलावा सीएचसी प्रशासन को मरीज के इलाज से लेकर दवा व अन्य जानकारियां ऑनलाइन सीएमओ कार्यालय को उपलब्ध कराना आसान होगा। बताया कि कटेहरी सीएचसी में वाईफाई लगाए जाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। शीघ्र ही सभी सीएचसी में सिस्टम लगा दिया जाएगा। सभी सीएचसी के वाईफाई से लैस होने पर लगभग 9 लाख की आबादी से जुड़े मरीजों को लाभ मिलेगा।
वार रूम से जुड़ जाएंगी सीएचसी
डॉ. रवि ने बताया कि वाईफाई शुरू होने के बाद अस्पताल में यदि रेडियोलॉजिस्ट नहीं है, तो भी एनआरएचएम योजना के तहत बंगलूरू में स्थापित वार रूम में सीएचसी से एक्स-रे की सभी जानकारी भेजी जाएंगी, जहां मौजूद चिकित्सकों की टीम एक्स-रे की रिपोर्ट ऑनलाइल सीएचसी को भेजेगी। ऐसे में संबंधित मरीज को एक्स-रे रिपोर्ट के लिए इंतजार नहीं करना पड़ेगा।
कभी-कभी ऐसा होता है कि एक्स-रे फिल्म तो मरीज को मिल जाती है, लेकिन रेडियोलॉजिस्ट के न होने से उन्हें रिपोर्ट समय पर नहीं उपलब्ध हो पाती थी। अब यह समस्या आने वाले दिनों में दूर हो जाएगी। वाईफाई होने से ई नेटवर्किंग के माध्यम से तत्काल जांच रिपोर्ट उपलब्ध हो जाएगी। इसके अलावा सीएचसी प्रशासन को मरीज के इलाज से लेकर दवा व अन्य जानकारियां ऑनलाइन सीएमओ कार्यालय को उपलब्ध कराना आसान हो जाएगा।
शासन से मिली हरी झंडी
कायाकल्प योजना के तहत जिले की सभी सीएचसी को वाईफाई से लैस किए जाने को हरी झंडी शासन ने प्रदान की है। कटेहरी सीएचसी में सिस्टम लगाए जाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। शीघ्र ही सभी सीएचसी में वाईफाई सिस्टम लगा दिया जाएगा। -डॉ. अशोक कुमार, सीएमओ