अंबेडकरनगर। लंबे इंतजार के बाद जिले के दो मॉडल स्कूल जाफरगंज व पहितीपुर में नए शिक्षा सत्र से शिक्षण कार्य प्रारंभ हो जाएगा। शेष दो विद्यालयों इधना व रामनगर में निर्माण कार्य पूर्ण न होने से संबंधित क्षेत्र के छात्र-छात्राओं व उनके अभिभावकों को अभी और इंतजार करना होगा। जिन दो विद्यालयों में शिक्षण कार्य प्रारंभ होना है, वहां 2 अप्रैल से सुचारु रूप से शिक्षण कार्य प्रारंभ हो सके, इसके लिए शिक्षकों की भी तैनाती की जा चुकी है। साथ ही फर्नीचर के लिए 4 लाख रुपये भी डीआईओएस कार्यालय को उपलब्ध कराया जा चुका है। हालांकि फर्नीचर खरीद की प्रक्रिया पूरी होने में लगभग एक पखवारे का समय लगने के चलते वैकल्पिक व्यवस्था के सहारे विद्यालय संचालन होगा।
गौरतलब है कि छात्र छात्राओं को बेहतर शिक्षा मिल सके, इसके लिए जिले के जाफरगंज, पहितीपुर, इधना व रामनगर में मॉडल स्कूल निर्माण को हरी झंडी शासन ने प्रदान की थी। प्रत्येक विद्यालय भवन का निर्माण 2 करोड़ 75 लाख की लागत से जाफरगंज व पहितीपुर का निर्माण लगभग छह माह पूर्व ही पूर्ण हो गया था, जबकि रामनगर में कार्यदायी संस्था पैक्सफेड द्वारा मात्र 70 प्रतिशत कार्य ही पूरा किया जा सका है। इसी प्रकार इधना में भी भवन का निर्माण करा रही कार्यदायी संस्था सी एंड डीएस अब तक मात्र 75 प्रतिशत कार्य ही पूर्ण कर सकी है। गत दिवस शासन ने चारों मॉडल स्कूलों में नए शिक्षा सत्र से शिक्षण कार्य प्रारंभ करने का निर्देश दिया था, लेकिन सत्यापन के दौरान पाया गया कि दो विद्यालयों का निर्माण कार्य अधूरा है।
ऐसे में जाफरगंज व पहितीपुर स्थित मॉडल स्कूल में ही नए शिक्षा सत्र से शिक्षण कार्य प्रारंभ करने का निर्णय शासन ने लिया। शिक्षण कार्य सुचारु ढंग से प्रारंभ हो सके, इसके लिए गत दिवस ही दोनों विद्यालयों में शासन स्तर से शिक्षकों की तैनाती भी कर दी गई। पूर्व में इन विद्यालयों में कक्षा 6 से 12 तक का शिक्षण कार्य होना था, लेकिन अब कक्षा 9 से कक्षा 12 तक की ही शिक्षा दी जाएगी। पूर्व में इसका नाम मॉडल स्कूल था, लेकिन अब इसे बदलकर पंडित दीनदयाल उपाध्याय राज कीय माडल इंटर कॉलेज कर दिया गया है।
फर्नीचर की होगी वैकल्पिक व्यवस्था
दोनों विद्यालयों में फर्नीचर व अन्य स्टेशनरी के लिए दो-दो लाख रुपये की राशि गत दिवस शासन से डीआईओएस कार्यालय को उपलब्ध हुई थी। वित्त एवं लेखाधिकारी का इस दौरान स्थानांतरण हो जाने के चलते फर्नीचर की खरीदारी नहीं हो सकी। चूंकि एक लाख से अधिक की सामग्री खरीदने का कार्य ई-टेंडरिंग के माध्यम से होता है। इसके लिए कम से एक पखवारे का समय लगेगा। ऐसे में फर्नीचर की वैकल्पिक व्यवस्था के सहारे ही शिक्षण कार्य प्रारंभ करने की मजबूरी डीआईओएस कार्यालय के समक्ष होगी।
इन पदों पर हुई शिक्षकों की तैनाती
जाफरगंज में प्रधानाचार्या के पद पर प्रभावती वर्मा की तैनाती की गई है। इसके अलावा सहायक अध्यापक के पद पर राजेंद्र प्रसाद, रजनी यादव, लिपिक के पद पर ओंकार वर्मा व चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी के पद पर बिपिनचंद्र मिश्र की तैनाती की गई है। इसी प्रकार पहितीपुर में प्रधानाचार्य के पद पर यदुनाथ प्रसाद यादव, सहायक अध्यापक के पद पर रिंकी सिंह, अंजनी दुबे व चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी के पद पर राजितराम की तैनाती की गई है।
तैयारियां पूरी
पहितीपुर व जाफरगंज विद्यालयों में नए शिक्षासत्र से सुचारु ढंग से शिक्षण कार्य प्रारंभ हो सके, इसके लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूर्ण कर ली गई हैं। फर्नीचर खरीदने के लिए राशि आई है। शीघ्र ही ई-टेंडरिंग के माध्यम से फर्नीचर की खरीदारी कर ली जाएगी।
-विनोद सिंह, डीआईओएस