भाई शेखर निषाद की तहरीर पर 11 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। बताते हैं कि भोर में पुलिस ने आरोपी सिपाही को जौनपुर से हिरासत में ले लिया है। इसके अलावा सात और लोगों को पकड़ा है। घटना से आक्रोशित परिजनों ने गेस्ट हाउस में भी जमकर तोड़फोड़ की। राजेश तीन भाइयों में दूसरे नंबर का था। उसके दो बेटे का एक बेटियां है। वह मकान में पेंटिंग के काम का ठेका लिया करता था।
परिजनों का आरोप, 112 नंबर पुलिस के सामने हुई थी मारपीट
मृतक के भाई शेखर निषाद का आरोप है कि घटना के समय गेस्ट हाउस के पास 112 नंबर पुलिस मौजूद थी। इस दौरान बीच बचाव में आरोपी सिपाही के भाई को भी चोट आई थी। वहां मौजूद 112 नंबर पुलिस सिपाही के भाई को अस्पताल लेकर चली गई, जबकि गंभीर रूप से घायल उसके भाई को वहीं छोड़ दिया गया।