टेक्नोक्रेट्स बताएंगे ड्रोन से कैसे करें कीटनाशक का छिड़काव
प्रयागराज। भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (ट्रिपलआईटी) की ओर से सूचना संचार प्रौद्योगिकी के लाभों को किसान और ग्रामीण जनता तक पहुंचाने के उद्देश्य से माघ मेला क्षेत्र में पहली बार जागरूकता शिविर लगाया गया है। जागरूकता शिविर में ट्रिपलआईटी के टेक्नोक्रेट मेले में आने वाले किसानों को ड्रोन के जरिए कीटनाशकों के छिड़काव के बारे में जानकारी देंगे। ट्रिपलआईटी के छात्रों की ओर से हाल ही में ड्रोन के जरिए पेस्टीसाइट के उपयोग के बारे में प्रोजेक्ट तैयार किया गया है। शिविर में किसानों को आईसीटी प्लेटफार्म: ई-नाम, एम-किसान, उमंग, भीम एप, यूपीआई, आयुष्यमान भारत, सुकन्या समृद्धि योजना, नाबार्ड, उर्वरक सब्सिडी के बारे में जानकारी हिंदी एवं अंग्रेजी में दी जाएगी।
सूचना संचार प्रौद्योगिकी के लाभों को किसान और ग्रामीण जनता तक पहुंचाने के उद्देश्य से जागरूकता शिविर शुभारंभ संस्थान के निदेशक प्रो पी. नागभूषण ने परेड ग्राउंड त्रिवेणी मार्ग पर बुधवार को किया। इस मौके पर निदेशक ने कहा कि सूचना संचार प्रौद्योगिकी विभाग के सहयोग से एक महीने तक आईसीटी के प्रयोग की जानकारी दी जाएगी। शिविर के समन्वयक डॉ. विजय कुमार चौरसिया ने बताया कि इस दौरान सरकार की ओर से चलाए जा रहे विभिन्न योजनाओं के बारे में किसानों और ग्रामीण जनता को अवगत कराया जाएगा।
उन्होंने बताया कि किसानों को मिट्टी परीक्षण, पर्यावरण अनुकूल खेती कैसे की जाए, विभिन्न पारिस्थितिकी में उपयुक्त फसल की अधिक पैदावार करने, कृषि विकास और गुणवत्ता नियंत्रण में आईसीटी के महत्व के बारे में जानकारी प्रदान की जाएगी। जागरूकता शिविर में आईसीटी के दूसरे उपयोगों के बारे में जागरूकता फैलाने तथा ग्रामीण जनता में आत्मविश्वास बढ़ाने के लिए 200 स्वयंसेवकों को ट्रिपलआईटी प्रशिक्षण देगा। यह स्वयंसेवक किसानों और ग्रामीणों को उनके क्षेत्रों में जाकर जानकारी देंगे। शिविर के संचालन की जिम्मेदारी डॉ. नीतेश पुरोहित, डॉ. प्रीतिश भारद्वाज, डॉ. सुनील यादव को सौंपी गई है।