इलाहाबाद । न्यायालय ने पत्नी और दुधमुहे बच्चे की हत्या में आरोपी पति व उसकी भाभी को दोषी पाते हुए उम्र कैद और दस-दस हजार रुपये अर्थदण्ड की सजा सुनाई हैे। सजा का आदेश एडीजे महताब अहमद ने बृहस्पतिवार को सुनाया। एडीजीसी देवी शकंर मिश्र को अभियुक्तों के खिलाफ साक्ष्य प्रस्तुत किए।
अभियोजन के अनुसार घटना थाना लालापुर के ग्राम बघला की है। 14मई 2012 को वादी मुकदमा धनंजय सिंह ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि दहेज के लिए उसकी बेटी विद्यावती व उसके डेढ साल के बच्चे को उसके पति अनिल और जेठानी सरोजा देवी ने मार डाला । जबकि ससुराल के लोगाें ने पुलिस को बताया था कि मृतका पहले बच्चे को मार कर स्वयं फांसी पर लटक गयी । पुलिस ने केस दहेज हत्या की धाराओं मेें दर्ज किया गया।
विवेचना में मृतका व मृत बच्चे की पोस्टमार्टम रिपोर्ट से नया खुलासा हुआ। पता चला कि विद्यावती के पति अनिल कुमार सिंह का नाजायज संबंध अपनी भाभी सरोजा देवी से था। इसका विद्यावती विरोध करती। यही वजह थी अनिल और उसकी भाभी ने विद्यावती को रास्ते से हटाने की साजिश रची और दोनों ने मिलकर विद्यावती का सिर दीवार से टकरा कर मार डाला । सरोजा पर आरोप है कि उसने चौदह माह के बच्चे को तखत पर पटक कर मार दिया । आरोप साबित करने के लिए अभियोजन ने कुल 13 गवाह पेश किए। न्यायालय ने पति अनिल और सरोजा को धारा 302 आईपीसी के तहत उम्र कैद और दस- दस हजार रुपये के अर्थदण्ड से दण्डित किया ।