जूनियर हाईस्कूल में सहायक अध्यापक और प्रधानाध्यापक परीक्षा में पेपर आउट कराने के मामले में गिरफ्तार वाइस प्रिंसिपल आकाश खरे को कोर्ट से जमानत दे दे गई। एक दिन पहले पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया था। उधर मामले में आरोपी बनाए गए मुख्य आरोपी केएन काटजू कॉलेज के प्रिंसिपल के बेटे व बेटी समेत तीन का कीडगंज पुलिस अब तक पता नहीं लगा पाई है।
जूनियर हाईस्कूल सहायक अध्यापक और प्रधानाध्यापक परीक्षा का पेपर आउट करने के आरोप में 17 अक्तूबर को एसटीएफ ने प्रधानाचार्य राम नयन द्विवेदी और सहायक अध्यापक अशोक तिवारी को गिरफ्तार किया था। साथ ही मामले में वाइस प्रिंसिपल आकाश खरे, प्रिंसिपल के बेटे अनुग्रह द्विवेदी, बेटी अकांक्षा द्विवेदी और सॉल्वर विवेक कुमार को भी आरोपी बनाया था।
एसटीएफ ने खुलासा किया था कि प्रधानाचार्य ने अपनी बेटी को नकल कराने के लिए व्हाट्सएप के जरिए पेपर आउट कराया। मामले में एक दिन पहले प ुलिस ने आरोपी वाइस प्रिंसिपल आकाश को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया जहां उसे जमानत पर रिहा कर दिया गया। आरोपी की ओर से कोर्ट को बताया गया कि वह प्रश्नपत्र खुलने और इसे परीक्षा कक्ष तक पहुंचाए जाने के वक्त मौकेपर मौजूद नहीं था।
न ही उसके खिलाफ कोई साक्ष्य मौजूद हैं। उधर मामले के तीन आरोपियों का अब तक पुलिस सुराग नहीं हासिल कर पाई है। इनमें प्रिंसिपल की बेटी और बेटा और सॉल्वर विवेक शामिल हैं। कीडगंज पुलिस अब तक आरोपियों का सुराग नहीं हासिल कर पाई है। इंस्पेक्टर रमेश चौबे का हर बार की तरह रटा रटाया जवाब यही रहा कि विवेचना जारी है। आरोपियों की तलाश की जा रही है।