देश में निर्मित पहली सेमी हाई स्पीड ट्रेन वंदे भारत एक्सप्रेस ने अपने तीन माह के सफर में एक लाख किलोमीटर की दूरी तय कर ली है। वंदे भारत ने यह उपलब्धि बृहस्पतिवार को ही हासिल की। खास बात ये कि वंदे भारत इलाहाबाद मंडल में चलने वाली पहली ट्रेन है जिसकी औसत स्पीड 104 किमी प्रति घंटा है। चेयरमैन रेलवे बोर्ड (सीआरबी) को वीडियो कांफ्रेंस के जरिये उत्तर मध्य रेलवे के अफसरों ने यह जानकारी दी।
वंदे भारत का संचालन 15 फरवरी 2019 को शुरू हुआ था। पहले दिन वंदे भारत स्पेशल ट्रेन के रूप में चली। इसका नियमित संचालन 17 फरवरी से शुरू हुआ। सप्ताह में पांच दिन चलने वाली वंदे भारत का संचालन तीन जोनल रेलवे उत्तर रेलवे, उत्तर मध्य रेलवे एवं पूर्वोत्तर रेलवे से होता है। एनसीआर के इलाहाबाद मंडल में छिपियाना बुजुर्ग से इलाहाबाद जंक्शन के बीच ट्रेन 600 किमी से ज्यादा का सफर तय करती है। इस दौरान मंडल में इसकी औसत स्पीड 104 किमी प्रतिघंटा है। जबकि उत्तर रेलवे जोन में ट्रेन की औसत स्पीड 76 किमी प्रतिघंटा ही है।
पिछले माह वंदे भारत ने एक भी दिन लेट नहीं होने का अनूठा रिकार्ड बनाया था। दिल्ली से इलाहाबाद आने में वंदे भारत 6.03 घंटे का ही समय लेती है। बृहस्पतिवार को एक लाख किलोमीटर का सफर पूरा होने पर सीआरबी ने एनसीआर के अफसरों को बधाई दी। डीआरएम इलाहाबाद अमिताभ ने इसकी पुष्टि की है।
‘वंदे भारत देश की सर्वाधिक औसत स्पीड वाली ट्रेन है। एक लाख किलोमीटर की दूरी तय करना रेलवे के लिए बड़ी उपलब्धि है। ’
00 अजीत कुमार सिंह, सीपीआरओ, एनसीआर।